जिले में पहली बार कोरोना से तीन साल की बच्ची की मौत हो गई। इसके साथ ही जिले में कोरोना से मरने वालों का आंकड़ा 341 हो गया है। इसके अलावा रविवार को 177 संक्रमित मरीज मिले हैं, जो इस साल में अब तक एक दिन में सबसे अधिक केस मिलने का रिकॉर्ड है। उधर, जिले में कंटेनमेंट जोन का आंकड़ा भी 200 के पास पहुंच गया है। इससे पहले जिले में 16 वर्षीय किशोरी की कोरोना से मौत हुई थी, जो गांव बर्की खेड़ी की रहने वाली थी।
डायरिया, खून की कमी और फेफड़ों में संक्रमण से ग्रस्त थी बच्ची
उकलाना निवासी मृतक संक्रमित बच्ची पांच अप्रैल से अग्रोहा मेडिकल कॉलेज में दाखिल थी, जहां पर उपचार के दौरान रविवार को उसकी मौत हो गई। बच्ची को वेंटिलेटर पर रखा गया था। संक्रमित बच्ची कोरोना के अलावा डायरिया, खून की कमी और फेफड़ों में संक्रमण आदि बीमारियों से भी ग्रस्त थी।
रिकवरी रेट गिरकर 95 से नीचे पहुंचा
रविवार को मिले केस को मिलाकर जिले में संक्रमित मरीजों का आंकड़ा 18192 हो गया है। रविवार को अधिक केस मिलने के कारण सक्रिय मरीजों की संख्या 743 पर पहुंच गई है। इसके चलते कोरोना से ठीक होने वाले मरीजों के रिकवरी रेट में भी काफी गिरावट आई है, जो अब घटकर 94.07 प्रतिशत हो गया है।
बच्चों के खान-पान का रखें विशेष ध्यान
पहले वायरस बुजुर्गों में फैल रहा था। अब इसका असर बच्चों में भी मिल रहा है। इसका कारण है कि ज्यादातर अभिभावक बेपरवाह हैं, जो बच्चों की तरफ बिल्कुल ध्यान नहीं देते हैं और बच्चों को मास्क नहीं पहनाते हैं। चाहे वे अस्पताल या बाजार में जाए, बच्चों के मुंह पर अवश्य मास्क लगाएं। रविवार को ही तीन वर्षीय बच्ची की मौत से सभी माता-पिता को सीख लेनी चाहिए। ऐसे में बच्चों के खानपान का विशेष ध्यान रखें। उन्हें फल-फ्रूट एवं पानी का अधिक सेवन करवाएं, ताकि बच्चों में खून की कमी न हो और उनमें कमजोरी न आए। वरना कोरोना की चपेट में आने की अधिक आशंका बनी रहती है
- डॉ. भूमिका अरोड़ा, बाल रोग विशेषज्ञ, नागरिक अस्पताल, हिसार।
टीकाकरण महोत्सव : पहले दिन 7188 लाभार्थियों ने लगवाया टीका
जिले में कोरोना पर काबू पाने के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से टीकाकरण महोत्सव पर पहले दिन रविवार को 7188 लाभार्थियों ने कोरोना रोधी टीका लगवाया। अब तक सबसे अधिक टीकाकरण करने का दूसरी बार रिकॉर्ड है। इससे पहले 22 मार्च को 7901 लाभार्थियों ने टीकाकरण करवाया था।
बता दें कि विभाग की तरफ से चार दिवसीय टीकाकरण महोत्सव मनाया जा रहा है। इसके तहत शहर के प्रत्येक वार्ड और ग्रामीण क्षेत्र में विशेषज्ञों की फील्ड टीम भेजी गई हैं। इसके लिए विभाग की ओर से जिला अस्पताल एवं फील्ड के भी चिकित्सकों की ड्यूटी लगाई है। विभाग का मानना है कि कोरोना की चेन को तोड़ने के लिए आमजन का टीकाकरण भी जरूरी है।
231 जगहों पर बनाए गए थे बूथ
रविवार को विभाग द्वारा 231 जगहों पर बूथ बनाए गए थे, जहां पर टीकाकरण हुआ। अन्य दिनों की अपेक्षा अधिक जगहों पर बूथ बनाए गए थे। इनमें 202 सरकारी बूथ एवं 29 निजी अस्पतालों में बनाए थे। अगर देखा जाए तो सरकारी बूथों पर ही सबसे अधिक टीकाकरण देखने को मिला, जहां पर 7128 लाभार्थियों ने टीका लगवाया। निजी अस्पतालों में केवल 60 लोगों ने ही टीका लगवाया। इनमें 60 वर्ष से अधिक उम्र के 3201 लाभार्थी तो 3757 लाभार्थी 40 वर्ष से अधिक उम्र के हैं।
जल्द एक लाख टीकाकरण करने का उद्देश्य
विभाग का उद्देश्य है कि जल्द ही टीकाकरण का लक्ष्य एक लाख के पार हो। तभी हिसार जिला एक लाख से अधिक टीकाकरण करने वाले जिलों की सूची में शामिल होगा। विभाग के अनुसार राज्य में गुरुग्राम, फरीदाबाद, अंबाला और पानीपत जैसे चार जिलों में एक लाख से अधिक टीकाकरण किया जा चुका है।
अब तक 82031 का हुआ टीकाकरण
अब तक जिले में विभाग द्वारा 82031 लाभार्थियों को वैक्सीन की पहली डोज दी जा चुकी है। 11081 लाभार्थियों को दूसरी डोज भी दी चुकी है। सूत्रों की माने तो सोमवार तक विभाग के पास वैक्सीन की अगली खेप भी आने वाली है।
वर्जन
रविवार को 7178 लाभार्थियों ने टीकाकरण करवाया है, जो काफी अच्छा रहा। इसी उम्मीद है कि सोमवार को अधिक टीकाकरण होगा। हमारी ओर से आमजन को जागरूक किया जा रहा है, ताकि ज्यादा से ज्यादा टीकाकरण किया जाए।
- डॉ. जितेंद्र शर्मा, डिप्टी सीएमओ, हिसार।