बरवाला पुलिस ने नाकाबंदी के दौरान 130 पेटी देसी शराब पकड़ी हैं। जिस गाड़ी मे शराब पकड़ी गई है उस गाड़ी पर ऑन बैंक ड्यूटी लिखा हुआ था।
हालांकि पुलिस की इस कार्रवाई में एक इंस्पेक्टर सहित अन्य पुलिस कर्मी उस वक्त घायल हो गए जब जीप चालक ने पुलिस को देखकर जीप रोकने की बजाए तेज गति से भगा दी।
जीप की चपेट में आने से एक इंस्पेक्टर सहित तीन पुलिस कर्मी जख्मी हो गए, वहीं पुलिस पीसीआर को भी नुकसान पहुंचा है।
पुलिस ने मामले के संबंध में महम के गांव भैणी सुरजन निवासी सुरेंद्र व उसके साथी हांसी के बोगा राम कॉलोनी निवासी मोहित के खिलाफ हत्या के प्रयास सहित विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है।
पुलिस इंस्पेक्टर कप्तान सिंह की पेट्रोलिंग पार्टी बरवाला के हांसी मार्ग पर शनिवार देर रात वाहनों की चेकिंग कर रही थी।
जांच के दौरान पुलिस ने एक जीप को रुकने का इशारा किया तो चालक ने गाड़ी को रोकने की बजाए तेज गति से भगा दिया। जीप चालक ने पुलिस इंस्पेक्टर कप्तान सिंह व अन्य पुलिस कर्मियों को भी चपेट में ले लिया।
पुलिस ने जीप का पीछा करते हुए शहर में तैनात पीसीआर को इसकी सूचना दी। पीसीआर ने अग्रसेन चौक पर जीप को रोकने का प्रयास किया तो वैन चालक ने पीसीआर को भी टक्कर मार दी व जीप को हिसार मार्ग की ओर दौड़ा दिया।
शराब तस्करों व पुलिस के बीच करीबन आधा घंटा तक चूहा बिल्ली का खेल चला। शराब से भरी जीप का पुलिस की 4 गाड़ियों ने पीछा करते हुए गांव बहबलपुर के नजदीक दबोच लिया।
पुलिसकर्मियों ने जीप में सवार दो युवकों को काबू कर लिया। जीप की तलाशी लेने पर उसमें से 130 पेटी देसी शराब मिली। पकड़े गए दोनों आरोपितों सुरेंद्र व मोहित को पुलिस ने अदालत में पेश किया जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
जीप मालिक को जल्द काबू कर उससे पूछताछ की जाएगी। पुलिस के अनुसार यह जीप कुछ माह पहले बैंक के कार्यों के लिए चलती थी।
बैंक से करार समाप्त होने के बाद भी जीप पर ऑन बैंक ड्यूटी लिखा हुआ है। यही नहीं जीप के पीछे वाले दरवाजे में तिजोरी वाला लॉक लगा हुआ है। जीप में पिछले कई दिनों से शराब तस्करी का गोरखधंधा चल रहा था।