मधुबन पार्क में राष्ट्रव्यापी हड़ताल को लेकर विभिन्न संगठनों के लोग प्रदर्शन करते हुए।
हिसार। श्रमिक विरोधी नीतियों के खिलाफ वीरवार को कर्मचारी-श्रमिक संगठनों की राष्ट्रव्यापी हड़ताल का शहर में मिला-जुला असर दिखा, लेकिन नगर निगम, जन स्वास्थ्य विभाग और बिजली निगम के कर्मचारियों के सड़कों पर उतरने से काफी काम प्रभावित हुए। सड़कों पर सुबह झाड़ू नहीं चली, इससे सफाई व्यवस्था गड़बड़ा गई। वहीं, आधे शहर में पेयजल आपूर्ति प्रभावित हुई और बिजली निगम कर्मी नहीं मिलने से फाल्ट समय पर दुरुस्त नहीं हो पाए। नगर निगम कर्मियों ने कार्यालय पर ताल जड़ दिया। इस वजह से लोगों को बैरंग लौटना पड़ा। उधर, रोडवेज बसें रूटों पर चलीं, लेकिन बस अड्डे पर पुलिस का पहरा रहा।
कर्मचारी और श्रमिक संगठनों से जुड़े लोग सुबह ही काम छोड़कर दफ्तरों के आगे धरने पर बैठ गए। वहीं, कई संगठनों ने जुलूस निकालकर विरोध जताया। नगर निगम के 1000 कर्मचारियों में से 950 हड़ताल पर रहे, वहीं बिजली निगम के 95 प्रतिशत कर्मचारी काम पर नहीं आए। बिजली निगम के 801 कर्मचारियों में से 729 के हड़ताल पर रहने से फाल्ट ठीक कराने के लिए दफ्तरों में फोन घनघनाते रहे। जनस्वास्थ्य विभाग के 700 कर्मचारियों में से 551 कर्मचारी हड़ताल पर रहे। इस कारण आधे शहर में पेयजल आपूर्ति बाधित रही।
नगर निगम कर्मचारियों ने दफ्तर पर जड़ा ताला
हड़ताल पर उतरे नगरपालिका कर्मचारी संघ के कर्मियोंं ने निगम कार्यालय पर ताले जड़ दिए। इस वजह से लोगों को बैरंग लौटना पड़ा। ताला लगाने के बाद कर्मचारी नारेबाजी करते हुए मधुबन पार्क से नागोरी गेट तक गए। नगर निगम कार्यालय का मेन गेट दोपहर तीन बजे के बाद खोला गया। इसके बाद ही कार्यालय में मौजूद अधिकारी और कर्मचारी अपने वाहनों को निकाल सके। हड़ताल की वजह से जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, प्रॉपर्टी टैक्स, नक्शे समेत अन्य काम नहीं हो पाए। नगरपालिका कर्मचारी संघ के प्रधान सुरेंद्र उर्फ गोलू ने बताया कि 600 से ज्यादा सफाई कर्मचारी हड़ताल में शामिल हुए। सुबह से ही नगर निगम कार्यालय पर ताला लगा दिया था और कोई भी काम नहीं होने दिया।
तहसील में नहीं दिखा असर, 48 रजिस्ट्री हुई
तहसील कार्यालय में हड़ताल का असर दिखाई नहीं दिया। सामान्य दिनों की तरह रजिस्ट्री संबंधी काम होते रहे। नायब तहसीलदार राकेश कुमार ने बताया कि सामान्य दिनों की तरह से ही काम चला। तहसील कर्मचारियों ने सुबह 9 से शाम 5 बजे तक कार्य किया। वीरवार को 48 रजिस्ट्री हुईं। इससे पहले बुधवार को 46 रजिस्ट्री हुईं थीं।
हड़ताल पर रहे कर्मचारी
विभाग कुल कर्मचारी काम पर नहीं आए
नगर निगम 1000 950
जन स्वास्थ्य विभाग 700 551
बिजली निगम 801 729
बिजली निगम एचकेआरएन 44 44
पीडब्ल्यूडी 200 185
सिंचाई विभाग 300 221
रोडवेज 900 50