हिसार। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश निशांत शर्मा की अदालत ने चोरों द्वारा चोरी करने के बाद शोर मचाने पर साढ़े 12 साल के बालक पर चाकू से हमला कर घायल करने के मामले में दो दोषियों योगेश और अभिषेक को 10-10 साल की सजा सुनाई है। तीसरे दोषी अक्षय को 3 साल की सजा सुनाई है। इस संबंध में एचटीएम थाना पुलिस ने 11 अप्रैल 2019 में हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी निवासी अवनीश के बयान पर केस दर्ज किया था।
60 हजार की नकदी और जेवरात चोरी कर ले गए थे
पुलिस की प्राथमिक के अनुसार पुलिस को दी गई शिकायत में सेक्टर 1-4 स्थित हाउसिंग बोर्ड में रहने वाले अवनीश ने बताया था कि वह जिंदल फैक्टरी में काम करता था। घटना वाले दिन ड्यूटी पर गया हुआ था। पत्नी पड़ोस में सत्संग चल रहा था वहां पर गई हुई थी। दोपहर को पड़ोसी राजकुमार ने फोन कर बताया कि घर में चोर घुसे हुए थे और आपके बेटे पर चाकू से हमला किया है। घटना का पता चलने पर घर पर पहुंचा तो देखा कि कमरे के अंदर रखा हुआ सामान बिखरा पड़ा था। बेटे चेतन के बाएं हाथ के अंगूठे और दो उंगलियों से खून बह रहा था। दाहिने हाथ की कलाई पर दांतों से काटा हुआ था।
बोले थे, पिता कहा है
घटना के बाद चेतन ने बताया था कि वह दोपहर को स्कूल से घर आया था। मां पड़ोस में सत्संग में चल गई थी। इसलिए दरवाजा अंदर से बंद था। दोपहर बाद दो युवक आए थे और दरवाजा खटखटाया और अंदर आने के बाद मेरे पिता के बारे में पूछा था। उसके बाद मुंह दबा दिया। दूसरे ने अलमारी से कीमती सामान को बैग में डालने लगे। तभी पड़ोस की रहने वाली महिला कवलजीत कौर ने आवाज लगाई। दोनों लड़कों ने चाकू से हमला कर पीछे दरवाजे से सोने के आभूषण व नकदी लेकर फरार हो गए थे।
ये सामान ले गए थे
पुलिस को दी गई शिकायत में बताया गया था कि चोर घर से पांच सोने की अंगूठी,एक सोने की चेन, एक गले का हार, दो सोने के कंगन, दो टाॅपस, कानों के कुंडल और 60 हजार की नकदी चोरी कर ले गए थे।