फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सख्ती : आंदोलनकारियों के 30 सोशल मीडिया अकाउंट बैन एलान : 4 जुलाई को ट्रैक्टर मार्च, 6 को करेंगे रोड जाम

विज्ञापन
हांसी जिले के गांव चानाैत में आयोजित महापंचायत में माैजूद ​ग्रामीण। 
विज्ञापन
हांसी। चानौत गांव में पानी के लिए चल रहा आंदोलन आने वाले दिनों में और विस्तार लेगा। मंगलवार को प्रशासन ने सख्ती बरतते हुए महापंचायत से पहले आंदोलनकारियों के 30 से अधिक सोशल मीडिया अकाउंट्स बैन कर दिए। धरने के 45वें दिन गांव में आयोजित महापंचायत में के बाद दोपहर में धरना कमेटी के सदस्यों ने किसान व खाप नेताओं के साथ बैठक कर आंदोलन को तेज करने के लिए रणनीति का एलान किया।
विज्ञापन


महापंचायत में धरना कमेटी सदस्यों ने बताया कि 3 जुलाई को किसान संगठन और खापें आपस में तालमेल बनाकर हरियाणा के सभी जिला मुख्यालयों पर सरकार को ज्ञापन सौंपेंगे। 4 जुलाई को चानौत गांव में जलघर से लेकर धरना स्थल तक करीब डेढ़ किलोमीटर लंबी मानव शृंखला बनाई जाएगी। इसके साथ ही रोघी खाप के सभी 24 गांवों के लोग अपने-अपने ट्रैक्टरों के साथ मार्च निकालते हुए चानौत पहुंचेंगे। इसके अलावा यदि सरकार ने 5 जुलाई तक मांगें पूरी नहीं कीं तो 6 जुलाई को दोपहर 1 बजे से 3 बजे तक सांकेतिक रूप से रोड जाम किया जाएगा।महापंचायत में किसान नेता सुरेश कौथ, विकास सीसर, मनोज राठी, इनेलो नेता उमेद लोहान, आप नेता राजेंद्र सोरखी और खाप प्रतिनिधियों की मौजूदगी में आगामी आंदोलन की रूपरेखा तय की गई।

सोशल मीडिया अकाउंट्स बैन होने पर फूटा गुस्सा

महापंचायत से ठीक पहले पुलिस प्रशासन द्वारा आंदोलन से जुड़े प्रमुख चेहरों पर बड़ी कार्रवाई की गई है। किसान नेता सुरेश कौथ, धरना कमेटी सदस्य अनूप चानौत, सरपंच प्रतिनिधि हिमांशु और हर्ष छिक्कारा सहित 10 लोगों के निजी सोशल मीडिया अकाउंट और आंदोलन से जुड़े करीब 20 चैनलों को बैन कर दिया। इस कार्रवाई के विरोध में धरना कमेटी ने निंदा प्रस्ताव पारित करते हुए प्रशासन को बुधवार दोपहर 12 बजे तक का अल्टीमेटम दिया है। कमेटी सदस्य अनूप सिंह चानौत ने साफ किया कि यदि तय समय तक अकाउंट बहाल नहीं किए गए तो कमेटी बड़ा फैसला लेने को मजबूर होगी। चानौत धरना कमेटी व ग्रामीणों ने साफ कहा कि पानी के हक की यह लड़ाई अब रुकने वाली नहीं है।
विज्ञापन


मुस्तैद रही पुलिस, अधिकारियों की पैनी नजर

महापंचायत के मद्देनजर चानौत गांव और आसपास के इलाकों में पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर रहा। चानौत और भाटला सहित विभिन्न संवेदनशील रास्तों पर कड़े नाके लगाए गए थे जहां पुलिस बल तैनात रहकर स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए था।



धरने पर बैठे लोग हर हाल में कानून-व्यवस्था बनाए रखें। आंदोलनकारियों को अपनी पानी की मांग के लिए उपायुक्त व अन्य उच्च अधिकारियों से वार्तालाप जारी रखनी चाहिए। सुरक्षा के लिहाज से भाटला व आसपास के अन्य मुख्य प्वाइंट पर पुलिस नाके लगाए गए हैं। - रविंद्र सांगवान, डीएसपी।
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें