हिसार। बिजली निगम की लेटलतीफी सोलर कनेक्शनधारक उपभोक्ताओं पर भारी पड़ रही है। चार से पांच महीने से बिल अपडेट नहीं होने के कारण उपभोक्ताओं को आर्थिक और मानसिक परेशानी झेलनी पड़ रही है। सोलर से बनी बिजली और खपत की यूनिटों का समायोजन नहीं होने से बिल शून्य नहीं हो रहे। ऐसे में लाखों रुपये खर्च कर सोलर लगवाने का लाभ नहीं मिल पा रहा है।
उपभोक्ताओं को आशंका है कि बिल भरने पर उनकी राशि कैप्ट हो जाएगी और लंबे समय तक वापस नहीं मिल सकेगी। इसके चलते वे समाधान के लिए बिजली निगम कार्यालयों के चक्कर काट रहे हैं। उपभोक्ताओं का कहना है कि कनेक्शन और नेट मीटरिंग समय पर हो रही है लेकिन बिल एडजस्टमेंट में देरी हो रही है। वहीं निगम के एसई का दावा है कि एक सप्ताह में पूरा डाटा अपडेट कर दिया जाएगा। इसके बाद उपभोक्ताओं को परेशानी नहीं होगी।
ऐसे होती है यूनिट्स की एडजस्टमेंट
सोलर कनेक्शन के लिए आवेदन के बाद घर की छत पर मांग के अनुसार प्लांट लगाया जाता है। बिजली निगम की टीम निरीक्षण करती है। इसके बाद नेट मीटरिंग होती है, जिसमें निगम के मीटर के साथ सोलर कनेक्शन का मीटर लगाया जाता है। दोनों मीटरों की यूनिट्स का डाटा दर्ज होता है। महीने के अंत में बिजली की खपत और सोलर से बनी यूनिट्स का हिसाब किया जाता है। इसके आधार पर बिल तैयार होता है। यह डाटा डीएचबीवीएन के पोर्टल पर अपडेट होता है।
चार महीने से बिल शून्य होने का इंतजार
मैंने घर पर पांच किलोवाट का सोलर कनेक्शन लगवाया है। इससे रोजाना 25 से 28 यूनिट बिजली बनती है, जबकि खपत 18 से 20 यूनिट है। ऐसे में बिल शून्य होना चाहिए। चार महीने से ज्यादा समय बीतने पर भी एडजस्टमेंट नहीं हुई। पिछली बार 8,800 रुपये और फिर 10 हजार रुपये का बिल आया। यूनिट्स एडजस्ट होतीं तो बिल शून्य हो जाता। - नवीन कुमार, निवासी सूर्य नगर।
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मैंने तीन किलोवाट का सोलर कनेक्शन लगवाया है। नेट मीटरिंग भी हो चुकी है लेकिन डाटा अपडेट नहीं होने से यूनिट्स एडजस्ट नहीं हो रहीं। इससे बिल शून्य नहीं हो पा रहा। हजारों रुपये का बिल भरना पड़ेगा। बिल जमा करने के बाद राशि वापस मिलना भी मुश्किल हो सकता है। - संदीप कुमार, निवासी सूर्य नगर।
एक सप्ताह में अपडेट होगा डाटा
फील्ड स्टाफ के पास काम अधिक होने के कारण इस प्रक्रिया में देरी हो जाती है। टीमें समस्या के समाधान में जुटी हैं। करीब एक सप्ताह में सभी उपभोक्ताओं का डाटा अपडेट हो जाएगा। इसके बाद यह परेशानी खत्म हो जाएगी। - अविनाश यादव, एसई, हिसार सर्कल, बिजली निगम।