दिल्ली रोड पर सेंट्रल जेल वन में न्यायाधीश अजय पराशर की अदालत में सोमवार को सतलोक आश्रम प्रकरण के देशद्रोह के मामले में आठ गवाहों के बयान दर्ज हुए। इनमें एक सरकारी डॉक्टर और सात पुलिस कर्मी शामिल हैं। मुकदमे की अगली सुनवाई अब 16 जनवरी को होगी।
सेंट्रल जेल वन में लगी अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश अजय पराशर की अदालत में बरवाला के सतलोक आश्रम प्रकरण के देशद्रोह के मामले में आठ गवाहों ने गवाही दर्ज कराई। इनमें सिविल अस्पताल के डॉ. धर्मेंद्र संधीर तथा पुलिस कर्मी एएसआई राजेश कुमार, हेडकांस्टेबल राजसिंह, कांस्टेबल अमित कुमार, अमित कुमार, मुकेश कुमार, अनिल कुमार और एक अन्य शामिल हैं। ये वे पुलिस कर्मी हैं, जिन्होंने घटना के समय मौके पर सीडी बनाई थी या फोटो खींचे थे। डॉक्टर ने घायलों का उपचार किया था। आरोपी पक्ष के वकील महेंद्र सिंह नैन ने गवाहों से सवाल पूछे। कुल 938 आरोपियों में से सेंट्रल जेल-टू में बंद मुख्य आरोपी रामपाल की पेशी वीसी से हुई और बाकी आरोपी पेश हुए। अदालत ने गवाही की प्रक्रिया पूरी होने पर मुकदमे की अगली तारीख 16 जनवरी मुकर्रर की।
रामपाल समर्थक भारी संख्या में पहुंचे रेलवे स्टेशन
बरवाला के सतलोक आश्रम प्रकरण के मुख्य आरोपी रामपाल के समर्थक सोमवार को पेशी के दौरान भारी संख्या में शहर में पहुंचे। रामपाल के अनुयायी सेंट्रल जेल-वन के पास पहुंचे। मगर पुलिस कर्मियों ने उनको वहां टिकने नहीं दिया। पुलिस विभाग ने पेशी के चलते जेल के आस-पास काफी संख्या में जवान तैनात कर रखे थे। महिला पुलिस बल अलग से तैनात था। अनुयायी अलग-अलग जेल के आस-पास पहुंचते रहे और पुलिस कर्मी उनको भगाते रहे। समर्थक अलग-अलग समय में हिसार पहुंचे, इसलिए उनका कम अहसास कम हुआ। लेकिन पेशी होने के बाद वे शाम को भारी संख्या में रेलवे स्टेशन पर पहुंचे। जिससे वहां भारी भीड़ नजर आई और एकबारगी अव्यवस्था फैल गई। कई ट्रेन गुजरने पर देर रात तक स्थिति सामान्य हुई।