हांसी/नारनौंद। नगरपालिका कर्मचारी संघ/सफाई कर्मचारी यूनियन ने नगर परिषद प्रशासन पर कर्मचारियों के मानसिक शोषण और तानाशाही का आरोप लगाया है। साथ्रा ही चेतावनी दी है कि मांगें पूरी नहीं होने पर 6 अक्तूबर से हांसी और नारनौंद सहित पूरे जिले की सफाई व्यवस्था ठप कर दी जाएगी।
यूनियन के जिला जिला प्रधान सुलेमान सारसर और जिला इकाई के प्रधान बलजीत सिंह ने संयुक्त बयान जारी कर कहा कि यूनियन समाधान के लिए वार्ता को तैयार हैलेकिन मान-सम्मान की बहाली, प्रताड़ना रोकने और रुका वेतन जारी करने का लिखित आदेश मिलने तक हड़ताल जारी रहेगी।
कर्मचारियों नेताओं कहा कि कि एक अक्तूबर को विधायक विनोद भयाना से मुलाकात कर नगर परिषद प्रशासन के रवैये से अवगत कराया गया था। इसके बावजूद स्थिति में सुधार नहीं हुआ। उन्होंने आरोप लगाया कि अधिकारियों ने उन्हें नीचा दिखाने और मानसिक रूप से प्रताड़ित करने के उद्देश्य से फील्ड में सफाई कार्य लगाने के द्वेषपूर्ण लिखित आदेश जारी किए हैं। विरोध में वह कार्यालय या फील्ड में सफाई कार्य नहीं कर रहे हैं और सफाई कर्मचारियों के बीच रहकर संगठन की आवाज उठा रहे हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि अधिकारियों ने अब सुपरवाइजरों पर दबाव बनाकर निर्वाचित जिला प्रधान की अनुपस्थिति दर्ज कराने का प्रयास शुरू कर दिया है। साथ ही यूनियन से जुड़े दो सफाई कर्मचारियों का वेतन बिना नोटिस रोक दिया गया है।
जिला प्रधान ने कहा कि मामला केवल पद या हाजिरी का नहीं, बल्कि सफाई कर्मचारी समाज और लोकतांत्रिक संगठन के सम्मान से जुड़ा है। उन्होंने कहा कि रविवार को फिर विधायक विनोद भयाना से मुलाकात की जाएगी। यूनियन ने चेतावनी दी कि त्योहारों के दौरान जिले की सफाई व्यवस्था प्रभावित होने की जिम्मेदारी नगर परिषद प्रशासन और संबंधित अधिकारियों की होगी।