हिसार। शहरी स्थानीय निकाय मुख्यालय से डेयरी शिफ्टिंग प्रोजेक्ट की संशोधित प्रशासनिक मंजूरी (एडमिनिस्ट्रेटिव अप्रूवल) सरकार के पास भेज दी गई है। अब इस पर सरकार की मुहर लगने के बाद टेंडर प्रक्रिया शुरू की जाएगी। नगर निगम ने इस प्रोजेक्ट के लिए 41.08 करोड़ रुपये की प्रशासनिक मंजूरी मांगी है।
बता दें कि नगर निगम प्रशासन ने बगला रोड पर चयनित करीब 50 एकड़ जमीन पर डेयरी प्लाजा प्रोजेक्ट का ले आउट प्लान बनाकर कुछ प्लॉटों की बोली भी कर दी थी। मगर इसी बीच मुख्यालय ने ले आउट पर आपत्ति जता दी। इसके बाद निगम प्रशासन ने यह कहते हुए प्लाॅट की बोली को रद्द कर दिया कि बिल्डिंग कोड के अनुसार प्रोजेक्ट डिजाइन नहीं किया गया। इसके बाद इस प्रोजेक्ट की पूरी प्रक्रिया नए सिरे से शुरू कर दी गई। इसके तहत दोबारा से प्रोजेक्ट का ले आउट प्लान तैयार कर मंजूर करवाया गया। अब रिवाइज्ड ले आउट के मुताबिक एडमिनिस्ट्रेटिव अप्रूवल तैयार कर उसे मंजूरी के लिए मुख्यालय भेजा था।
24 साल पहले हुई थी डेयरी शिफ्टिंग की घोषणा
24 साल पहले पहली बार डेयरी शिफ्टिंग की घोषणा इनेलो सरकार में वर्ष 2000 में हुई थी। निगम ने इसके लिए धान्सू रोड पर जमीन ली थी। मगर प्रोजेक्ट सिरे नहीं चढ़ पाया। इसके बाद वर्ष 2004-05 में डेयरी शिफ्टिंग का मुद्दा दोबारा से उठा तो अफसरों को जमीन तलाशने की जिम्मेदारी दी गई। वर्ष 2005 में जिला प्रशासन ने 24 एकड़ सरकारी जमीन चिह्नित की। साल 2010 में डेयरी शिफ्टिंग के लिए शहर में सर्वे भी हुआ था, जिसमें 292 डेयरियां संचालित मिलीं।
निगम अधिकारियों ने अगस्त 2013 में बगला रोड पर 137 एकड़ सात कनाल 14 मरले भूमि चिह्नित कर सरकार के पास प्रस्ताव भेजा। इसके बाद भी प्रोजेक्ट सिरे नहीं चढ़ पाया। 29 दिसंबर 2014 को तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने डेयरी शिफ्टिंग प्रोजेक्ट को लेकर फिर घोषणा की। शहर के चारों तरफ 25-25 एकड़ जमीन पर डेयरियां शिफ्ट करने की घोषणा की गई है। मगर अलग-अलग जमीन नहीं मिली। आखिरकार साउथ बाईपास (बगला रोड) पर ही 50 एकड़ जमीन फाइनल हुई।
नए ले आउट में 342 प्लॉट का प्रावधान
डेयरी शिफ्टिंग के नए ले आउट में कुल 342 प्लॉट का प्रावधान है। इनमें 250 गज के 239 प्लॉट, 350 गज के 68 प्लॉट, 500 गज के 27 प्लॉट, 1000 गज के 8 प्लॉट शामिल हैं। हालांकि पुराने ले आउट प्लान में कुल 410 प्लॉट थें। इसके अलावा 1170 गज में मिल्क चिलिंग प्लांट, 5360 गज में गोबर गैस प्लांट, 3688 गज में वाटर वर्क्स का प्रावधान किया है।
पोर्टल के माध्यम से होगी प्लॉट की बोली
डेयरी शिफ्टिंग प्रोजेक्ट के प्लॉट की बोली पोर्टल के माध्यम से करवाई जाएगी। पोर्टल बनकर तैयार हो चुका है। जैसे ही मुख्यालय की तरफ से अनुमति मिलेती है, वैसे ही इनकी ऑनलाइन बोली करवा दी जाएगी। इस बोली में सिर्फ पशु डेयरी मालिक ही हिस्सा ले सकेंगे। निगम की तरफ से दोबारा करवाए गए सर्वे में करीब 396 पशु डेयरियां मिली हैं, जबकि इससे पहले करवाए गए सर्वे में 410 डेयरियां मिली थीं।
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रिवाइज्ड एडमिनिस्ट्रेटिव अप्रूवल की फाइल मुख्यालय से सरकार के पास भेज दी गई है। वहां से इसे मंजूरी मिलने के बाद टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। -
संदीप सिहाग, एक्सईएन, नगर निगम