नारनौंद। क्षेत्र में नशे के खिलाफ चल रही मुहिम जोर पकड़ रही है। रविवार को मोठ रांगड़ान और मोठ करनैल के ग्रामीणों ने पंचायत कर गांव में नशे की बिक्री और खरीद पर पूरी तरह रोक लगाने का संकल्प लिया।
पंचायत में राजथल और सुलचानी गांवों की तर्ज पर नशे के खिलाफ सामूहिक अभियान चलाने का निर्णय लिया गया। साथ ही नशा बेचने और खरीदने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग पुलिस प्रशासन के सामने रखी गई।
पंचायत की अध्यक्षता मोठ रांगड़ान के सरपंच जशवंत भयाना और मोठ करनैल के सरपंच सुनील कुमार ने की। थाना नारनौंद से सब इंस्पेक्टर बर्लिन पुलिस टीम के साथ पंचायत में पहुंचे। इस दौरान ग्रामीणों ने पुलिस अधिकारियों के सामने गांव में नशे की बिक्री और खरीद को लेकर चिंता जताई तथा नशे की सप्लाई पर रोक लगाने के लिए प्रभावी कार्रवाई की मांग की।
ग्रामीणों ने स्पष्ट कहा कि गांव में किसी भी सूरत में नशा बिकने नहीं दिया जाएगा। नशे के खिलाफ अभियान को केवल पंचायत तक सीमित न रखकर ग्रामीण स्तर पर लगातार चलाया जाएगा। नशे की बिक्री या खरीद से जुड़ी कोई जानकारी सामने आने पर पुलिस को सूचना देने और कार्रवाई में पूरा सहयोग करने पर भी सहमति बनी। पंचायत में पूर्व सरपंच जतिन भयाना, जगदीश चहल सहित काफी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।
पुलिस से सहयोग का मिला आश्वासन :
पंचायत प्रतिनिधियों ने कहा कि युवाओं को नशे से दूर रखना पूरे गांव की सामूहिक जिम्मेदारी है। ग्रामीणों और पुलिस के बीच बेहतर तालमेल बनाकर नशे की बिक्री पर रोक लगाने का प्रयास किया जाएगा। पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों से नशे से जुड़ी किसी भी गतिविधि की जानकारी पुलिस तक पहुंचाने की अपील की ताकि कार्रवाई की जा सके। पुलिस की ओर से भी नशे के खिलाफ अभियान में ग्रामीणों को पूरा सहयोग देने का आश्वासन दिया गया।