नारनौंद। गांव कागसर स्थित खुशी नर्सिंग कॉलेज में फीस बढ़ोतरी के विरोध में मंगलवार को छात्राओं का आंदोलन उग्र हो गया। छात्राओं ने कॉलेज प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए गांव राजथल पहुंचकर हांसी-चंडीगढ़ मुख्य मार्ग पर जाम लगा दिया। लगभग एक घंटे तक सड़क पर लंबी वाहनों की कतारें लग गईं। सूचना के बाद डीएसपी विनोद शंकर और डीएसपी सिद्धार्थ बिश्नोई भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। छात्राओं ने तत्काल कार्रवाई की मांग की। पुलिस प्रशासन ने 72 घंटे के भीतर जांच और ठोस कदम उठाने का आश्वासन दिया, तभी जाम खुल पाया।
छात्राओं ने आरोप लगाया कि कॉलेज में फीस बढ़ाने के साथ-साथ उन्हें प्रताड़ित किया जाता है। हॉस्टल में सुविधाओं का अभाव है और भोजन खराब गुणवत्ता का है। उन्होंने कहा कि कॉलेज चेयरमैन रात में हॉस्टल आते-जाते हैं, जिससे वे मानसिक रूप से असुरक्षित महसूस करती हैं। छात्राओं ने यू-ट्यूबर की गिरफ्तारी का विरोध किया और उसे रिहा करने की मांग की। छात्राओं ने चेतावनी दी कि अगर उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो वे बड़े स्तर पर आंदोलन करेंगी। उनका कहना है कि वे पढ़ाई जारी रखना चाहती हैं, लेकिन कॉलेज प्रशासन की मनमानी उनके भविष्य के लिए खतरा बन रही है।
डीएसपी विनोद शंकर ने कहा कि छात्राओं की शिकायत को गंभीरता से लिया गया है। मामले की पूरी जांच कराई जाएगी और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। छात्राओं की सुरक्षा और न्याय सुनिश्चित करना पुलिस प्रशासन की प्राथमिकता है।
छात्राओं द्वारा लगाए सभी आरोप निराधार हैं। फीस बढ़ोतरी यूनिवर्सिटी के दिशा-निर्देशों के तहत की गई है। कॉलेज हर प्रकार की जांच के लिए तैयार है और छात्राओं को गुमराह करने का आरोप निराधार है। - जगदीश, चेयरमैन, खुशी नर्सिंग कॉलेज।
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रोहतक पीजीआई के वाइस चांसलर से मिले
मंगलवार शाम को पीजीआईएमएस रोहतक के वाइस चांसलर एच के अग्रवाल से खुशी नर्सिंग कॉलेज की कुछ छात्राएं और उनके अभिभावक मिलने पहुंचे। वीसी ने आश्वासन दिया है कि इस मामले को लेकर पीजीआईएमएस एडमिनिस्ट्रेशन की तरफ से एक विशेष जांच टीम का गठन किया जाएगा। जब तक मामले की जांच नहीं हो जाती तब तक छात्राएं अपने पास मोबाइल फोन रख सकती हैं। कॉलेज में छात्राओं की सुरक्षा के लिए एक पीसीआर की तैनाती की जाएगी।
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रोहतक पीजीआई पहुंच कॉलेज निदेशक के खिलाफ नर्सिंग छात्राओं का तीन घंटे प्रदर्शन, जांच कमेटी गठित
रोहतक। हिसार के कागसर स्थित खुशी कॉलेज ऑफ नर्सिंग की छात्राओं ने मंगलवार शाम स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय के प्रशासनिक ब्लॉक में कॉलेज निदेशक व प्राचार्य के खिलाफ तीन घंटे तक प्रदर्शन किया। छात्राएं अपने अभिभावकों और एबीवीपी कार्यकर्ताओं के साथ रोहतक पहुंचीं। उनका आरोप है कि कॉलेज में प्रताड़ना, अपशब्द बोलने, अव्यवस्थित शिक्षा व्यवस्था, खराब हॉस्टल सुविधा और मनमानी फीस वृद्धि जैसी समस्याएँ लगातार बढ़ रही हैं, लेकिन शिकायतों पर कार्रवाई नहीं हो रही।
छात्राओं का कहना है कि हॉस्टल के खाने में कीड़े मिलते हैं, पुरुष वार्डन तैनात हैं, फीस 50 फीसदी बढ़ा दी गई है और छात्रों व अभिभावकों के लिए अपशब्द कहे जाते हैं। ई-मेल के जरिए कई बार शिकायत करने पर भी समाधान नहीं हुआ। प्रदर्शन के बाद विवि प्रशासन ने जांच कमेटी गठित करने की घोषणा की और उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद छात्राएं वापस लौटीं। कुलपति ने बाद में 7-8 छात्राओं व एबीवीपी पदाधिकारियों से मुलाकात कर उनका पक्ष सुना। छात्राओं ने प्रताड़ना से जुड़े सबूत भी सौंपे। एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने बताया कि महिला आयोग की अध्यक्ष रेनू भाटिया 11 दिसंबर को कॉलेज का निरीक्षण कर छात्राओं की स्थिति की समीक्षा करेंगी।
अभिभावकों की पीड़ा
बेटियां बहुत दुखी हैं। वहां बेटियों को प्रताड़ित किया जा रहा है। जेल की तरह रखा जा रहा है। उनसे मिलने भी नहीं दिया जाता है। हॉस्टल में खाना तक सही से नहीं दिया जाता है। ऐसे में कैसे डॉक्टर बनेंगी।- संदीप शर्मा, बहल।
अभी बेटियों से ही पता चला कि दो ही शिक्षक हैं। ऐसे में कैसे पढ़ाई करेंगे। यहां मेवात, चरखी दादरी व अन्य जगहों से बेटियां आती हैं। बच्चों के साथ अभिभावकों पर भी आरोप लगाए जा रहे हैं। -रणबीर सिंह, अभिभावक।
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पहले पांच हजार हॉस्टल फीस थी। मेस फीस हम अलग से ले सकते हैं। इसको साथ मिलाकर 7500 फीस कर दी। सिर्फ इस फीस को लेकर विवाद था। पीजीआईएमएस में कुलपति से जो छात्राएं मिली हैं इनमें कुछ पास भी हो चुकी हैं। इसको लेकर पीजीआईएमएस प्रशासन को पत्र भी लिख रहा हूं। इनमेें से दस छात्राएं भी कॉलेज की नहीं हैं। जांच के दौरान दूध का दूध पानी का पानी हो जाएगा। -जगदीश गोस्वामी, प्रिसिंपल, खुशी कॉलेज ऑफ नर्सिंग कागसर, हिसार।