बिजली निगम अब शहरों के घरेलू उपभोक्ताओं को भी हर महीने बिल भेजने की तैयारी कर रहा है। इसके लिए निगम की आर-एपीडीआरपी स्कीम के तहत प्लान बना लिया गया है।
हिसार सर्कल की बरवाला सब डिविजन में पायलट प्रोजेक्ट शुरू होगा। यहां कामयाबी मिलने के बाद इसे पूरे प्रदेश में लागू किया जा सकता है।
अब तक घरेलू उपभोक्ताओं को दो महीने से बिल मिलता है, जबकि कॉमर्शियल व इंडस्ट्रियल उपभोक्ताओं को हर महीने बिल भेजा जाता है।
महीने दर महीने बिल मिलने से उपभोक्ताओं व बिजली निगम दोनों को फायदा मिलने की संभावना है।
14 दिन में भरना होगा बिल
बरवाला में पायलट प्रोजेक्ट के दौरान घरेलू उपभोक्ताओं को हर महीने बिल भेजा जाएगा। जिसमें उपभोक्ता को बिल भरने के लिए 14 दिन का समय मिलेगा।
अगर निर्धारित समय में बिल नहीं भरा गया, तो हर बिलिंग पर उपभोक्ता को 1.5 प्रतिशत सरचार्ज लगेगा।
उपभोक्ताओं के लिए नहीं ज्यादा फायदा
इस योजना से घरेलू उपभोक्ताओं को कोई ज्यादा फायदे तो नहीं है। मगर दो महीनों का एक साथ आना वाला बिल दो भागों में बंट जाएगा।
इससे एक महीने में जलाई गई यूनिट का खर्चा उसी महीने दे दिया जाएगा, जिससे बिजली का बजट कुछ कम होगा। नुकसान भी ज्यादा नहीं है।
अब दो महीने में एक बार बिल भरने के लिए लाइन में लगना पड़ता है, फिर दो बार लगना होगा। बिल खराब होने पर कई बार चक्कर काटने पड़ सकते हैं।
खुद बिजली निगम का ही बढ़ेगा लोड
इस योजना के लिए खुद बिजली निगम का ही लोड बढ़ेगा। ज्यादा मेन पावर की जरूरत पड़ेगी। रीडिंग लेने के लिए रीडर, बिल बनाने के लिए ऑपरेटर, बांटने के लिए एक्स-आर्मी पर्सनल की संख्या बढ़ानी होगी।
सारा सिस्टम कंप्यूटराइज होने के कारण कंप्यूटराइज ढांचे में भी विस्तार करना होगा।
निगम को यह होगा फायदा
अब घरेलू उपभोक्ताओं से दो महीने से होने वाली बिलों की रिकवरी हर महीने होने लगेगी। जो पैसा दो महीने से निगम के खाते में आता है, उसे उपभोक्ता एक महीने में ही दे देंगे। साथ ही हर महीने अकाउंटिंग भी बेहतर होगी।
हिसार शहर में कुल घरेलू उपभोक्ता - करीब 65 हजार
घरेलू उपभोक्ताओं से हर दो महीने में कमाई - करीब 10 करोड़ रुपये
फिलहाल बरवाला में आर-एपीडीआरपी स्कीम के तहत घरेलू उपभोक्ताओं को हर महीने बिल देने की शुरुआत कर रहे हैं। अगर यहां कामयाबी मिलेगी तो आगे सोचेंगे। अगले बिल बरवाला में घरेलू उपभोक्ताओं को एक महीने से जारी होंगे।
- डीएल हंसु, एसई, हिसार सर्कल