विनोद कुमार, एसएचओ, जीआरपी, हिसार।
हांसी। गोरखधाम एक्सप्रेस में बहादुरगढ़ से हिसार आ रही एक महिला के बैग से सोने के जेवर चुराने के आरोपी को पकड़ने गई रेलवे की एसआईटी पर हमले के आरोप में पुलिस नेे छह महिलाओं सहित 9 लोगों पर केस दर्ज किया है। वहीं, इस मामले में पकड़े गए आरोपी आर्यन को रविवार को अदालत में पेश कर दो दिन के रिमांड पर लिया है। रिमांड अवधि के दौरान उससे गहनों की बरामदगी की जाएगी।
पुलिस के मुताबिक हरिनगर कॉलोनी, बहादुरगढ़ निवासी रोहित राजपूत की पत्नी कोमल 22 फरवरी को बेटी के साथ गोरखधाम एक्सप्रेस में हिसार पहुंची थीं। इसी दौरान चोरों ने उनका बैग चुरा लिया, जिसमें सात तोला सोने के गहने थे। चोरी के बाद आरोपी बैग वहीं फेंक गए थे। घटना के अगले दिन, 23 फरवरी को कोमल की शिकायत पर जीआरपी थाने में केस दर्ज किया गया। जीआरपी ने जांच के बाद 7 मई को भिवानी के दुर्जनपुर निवासी जय सिंह और हिसार के राजथल निवासी सज्जन सिंह को गिरफ्तार कर लिया। दोनों की आपराधिक पृष्ठभूमि बताई गई थी, जबकि अन्य आरोपी फरार थे। पीड़ित पक्ष की मांग पर एसपी निकिता गहलोत ने तीन दिन पहले एसआईटी गठित की थी। टीम को शनिवार को एक और आरोपी गैस एजेंसी रोड निवासी आर्यन के घर पर होने की सूचना मिली। एसआईटी उसे पकड़ने पहुंची तो बड़ी संख्या में महिलाओं ने टीम पर हमला कर दिया। इस दौरान छह पुलिसकर्मी घायल हो गए, वहीं आर्यन के भी तीन परिजन घायल हुए।
रेलवे पुलिस थाना प्रभारी विनोद कुमार ने बताया कि आरोपी आर्यन से पूछताछ में कई अहम सुराग मिले हैं। हांसी शहर थाना पुलिस ने विनोद कुमार की शिकायत पर आर्यन, रोहित, फुल देवी, सोनिका, सुदेश, प्रीति, चिंकू, नैंसी और सोनू के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने, पुलिस पर हमला करने और आरोपी को छुड़ाने के प्रयास की धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है। उधर, जीआरपी थाने के एसएचओ विनोद कुमार को रविवार को जिला नागरिक अस्पताल में उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। इससे पहले उनका सीटी स्कैन कराया गया था। उनके सिर और अंगुली में चोट लगी है।