हिसार। चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (एचएयू) के कुलपति प्रो. बीआर कांबोज ने कहा कि फूल मानव जीवन में उमंग लाने के साथ-साथ पर्यावरण को सुंदर बनाने में अहम भूमिका निभाते हैं।
फूल हमारी श्रद्धा और भावना का प्रतीक भी हैं। वे शुक्रवार को विवि के गेट नंबर-4 के नजदीक एग्री-टूरिज्म सेंटर व बोटेनिकल गार्डन में आयोजित तीन दिवसीय ‘शहरी खेती एक्सपो एवं पुष्प उत्सव-2025’ के शुभारंभ अवसर पर बतौर मुख्य अतिथि लोगों को संबोधित कर रहे थे।
पुष्प उत्सव का आयोजन एग्री टूरिज्म सेंटर, वनस्पति उद्यान, एचएयू के सामाजिक कल्याण सोसायटी व भू-दृश्य इकाई संरचना के सहयोग से किया जा रहा है। हाइड्रोपोनिक से बिना मिट्टी, कम पानी में घर में उगा सकते हैं फल-सब्जियां : प्रो. कांबोज ने बताया कि उपरोक्त फसलों की निर्यात की भी अपार संभावनाएं हैं। इसलिए युवाओं को पारंपरिक खेती के साथ-साथ फूल, फल और सब्जियों की खेती को भी प्राथमिकता देनी चाहिए, ताकि वे अपनी आमदनी में बढ़ोतरी कर सकें। उन्होंने बताया कि कम जगह, बिना मिट्टी व कम पानी उपलब्ध होने के बावजूद वर्टिकल खेती, हाइड्रोपोनिक जैसे नए प्रबंधनों की मदद से हम घर में भी फल-सब्जियां उगा सकते हैं।
यह सरल व सहज विधि है, जिसकी मदद से हम घर के बाहर किसी छोटे से बगीचे, छत पर या बालकनी पर यह विधि अपनाकर फूल-सब्जियां प्राप्त कर सकते हैं। साथ ही कमरे के अंदर वर्टिकल गार्डन भी बना सकते हैं।