राजगुरु मार्केट पार्किंग ठेकेदार को नगर निगम ने सोमवार को अलॉटमेंट जारी कर दिया। अब ठेकेदार को शपथपत्र देकर सात दिन के अंदर अंदर 11 लाख रुपये जमा करवाने होंगे। उधर व्यापारियों का रोष इस बात को लेकर बढ़ रहा है। व्यापारियों का कहना है कि जब तक टू व्हीलर पार्किंग फ्री नहीं की जाती वे यहां निगम या उसके ठेकेदार को पार्किंग नहीं चलाने देंगे।
ठेकेदार का यह है कहना
पार्किंग ठेकेदार ने कहा है कि उन्होंने निगम से ठेका लिया है। नगर निगम ने उन्हें 5 रुपये बाइक यानी टू व्हीलर के व गाड़ी के 10 रुपये लेने की शर्त पर ठेका दिया है। वे टू व्हीलर के पैसे हर हाल में लेंगे। उन्होंने कहा कि व्यापारी निगम अधिकारियों से बात करें। हमारे साथ जो टेंडर हुआ है उसमें व्यापारियों के वाहन कंडीशन के साथ फ्री करने की शर्त है जो मानने के लिए तैयार हैं।
यह है बीच का रास्ता
इस मामले के बाद वैसे तो ठेकेदार व नगर निगम प्रशासन की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। इसमें ठेकेदार या तो नेगोसिएशन करवाए। फिर टू व्हीलर फ्री किए जा सकते हैं। अगर नगर निगम निगोसिएशन की अनुमति नहीं देता तो 11 लाख रुपये में पार्किंग का ठेका चलाना ठेकेदार के लिए घाटे का सौदा हो सकता है।
ग्राहकों के साथ हम धोखा नहीं होने देंगे। टू व्हीलर पर आने वाले ग्राहकों से बार बार पांच रुपये के लिए बाजार में लड़ाई झगड़ा होगा। हमने अधिकारियों के सहयोग से जब पार्किंग शुरू की थी तो ग्राहकों व व्यापारियों की सुविधा के लिए रोड के बीच में पार्किंग नहीं बना सकते। निगम ने अब इसे पूरी तरह कॉमर्शियल ही बना दिया। व्यापारी पार्किंग तभी चलने देंगे जब टू व्हीलर फ्री होगा।
- राजेेश जैन, प्रधान राजगुरु मार्केट वेलफेयर एसोसिएशन।
हमने सोमवार को अलॉटमेंट लेटर ले लिया है। हमारे पास सोमवार से लेकर आगे 7 दिन है हम पेमेंट जमा करवाकर निगम द्वारा दी गई कंडीशन पर पार्किंग चलाएंगे। उन्होंने कहा कि व्यापारियों ने हमसे कोई बात नहीं की। हम 11 लाख रुपये लगाकर टू व्हीलर फ्री क्यों करेंगे।
- राजेंद्र, ठेकेदार राजगुरु मार्केट पार्किंग
सात दिन का समय है। अभी पेमेंट जमा नहीं हुई है। पेमेंट जमा करवाने के बाद ठेेकेदार पार्किंग चला सकता है।
- राजेेश महता, सचिव नगर निगम