नगर निगम मेयर ने पहली बार हाउस की समीक्षा बैठक बुलाने के लिए कमिश्नर को पत्र लिखा है। मेयर ने लिखा है कि हाउस की बैठकों में एजेंडे पास तो हो जाते हैं मगर उन पर क्या कार्रवाई हो रही है इसकी समीक्षा की जानी चाहिए। लगभग तीन साल में मेयर ने पहली बार ऐसा फैसला लिया है।
पार्षदों में चर्चा
नगर निगम के पार्षदों में इस बैठक को लेकर चर्चा चल रही है। आखिर निगम अधिकारियों ने कहीं कोई चाल तो नहीं चली है। समीक्षा बैठक के बहाने इस बैठक में निगम अधिकारी कोई एजेंडा तो पास नहीं करवाना चाहते।
रखा जा सकता है पार्किंग का एजेंडा
इस बैठक के बहाने अधिकारी पार्किंग का एजेंडा पास करवा सकते हैं। हालांकि इस एजेंडे को पास करवाने के लिए नगर निगम अधिकारियों व मेयर की पहले ही बैठक हो चुकी है। बंद कमरे में हुई बैठक में अधिकारियों व मेयर ने एक दूसरे को विश्वास में लेकर इस पर चर्चा की थी। मीडिया तक बात न जाए इसको लेकर भी चर्चा हुई थी।
आखिरी सप्ताह में हो सकती बैठक
मेयर ने नगर निगम कमिश्नर को पत्र लिखा है, जिसमें लिखा गया है कि वे समीक्षा बैठक करना चाहते हैं। इसको लेकर उन्होंने अगस्त महीने के अंतिम सप्ताह की तीन तारीख दी है। इन पर अब कमिश्नर व ज्वाइंट कमिश्नर को फैसला लेना है।
कई ब्रांचों में हड़कंप
समीक्षा बैठक करने के मामले को लेकर अब निगम की कई ब्रांचों के अधिकारियों में हड़कंप मच गया है। जो एजेंडे पास हुए उनकी रिपोर्ट बैठक में पेश करनी पड़ेगी। इसको लेकर उन्हें क्या जवाब देना है और उन एजेंडों पर कितना वर्क हुआ उसकी रिपोर्ट तैयार करनी है। कई ब्रांच के अधिकारियों को इस बैठक में पार्षद घेर भी सकते हैं।
समीक्षा बैठक बुलाने के लिए कमिश्नर को लिखा गया है। अगस्त महीने के अंतिम सप्ताह में कभी भी मीटिंग हो सकती है।
- शकुंतला राजलीवाला, मेयर नगर निगम