पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं राज्यसभा सांसद कुमारी सैलजा ने भाजपा और संघ पर तीखा हमला बोलते हुए कहा है कि भाजपा ने ही देश में असहिष्णुता पैदा की है। कांग्रेस सरकार के समय कभी असहिष्णुता जैसी बातें नहीं आई। उन्होंने कहा कि भाजपा और संघ की विचारधारा डिवाइड एंड रूल वाली है। पहले गुजरात में हिंदू-मुस्लिम को लड़ाने का काम किया। अब हरियाणा में भी कुछ इसी तरह की नीति बना रही है।
कुमारी सैलजा रविवार को हिसार में डा.बीआर अंबेडकर जयंती समारोह में आई हुई थीं। इससे पहले अपने आवास पर पत्रकारों के साथ बातचीत करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि कहीं धर्म के नाम पर तो कहीं जाति के नाम पर देश वासियों को बांटने का काम किया जा रहा है।
अब देशवासियों को नागपुर से बताया जाएगा कि वो कैसा पहने और कैसा खाएं। लेकिन कांग्रेस ऐसा नहीं होने देगी। उन्होंने कहा कि बीजेपी नहीं चाहती कि देश में शांति स्थापित हो। भाजपा के साथ लोगों का जुड़ाव नहीं है। इसका अंदाजा हाल ही में हिसार रैली में मुख्यमंत्री ने देख लिया है। मेक इन इंडिया, डिजीटल इंडिया की बातें व विदेशी दौरों के अलावा बीजेपी ने कोई काम नहीं किया है। जबसे बीजेपी सरकार बनी है, गरीबों के लिए कोई भी विकास कार्य नहीं हुआ है।
इस अवसर पर उनके साथ हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग के पूर्व सदस्य जगन्नाथ, डॉ. अजय, पूर्व विधायक नरेश सेलवाल, एडवोकेट लाल बहादुर खोवाल, होशियारी लाल शर्मा, कांग्रेस नेता डा. दलबीर भारती, डॉ. बीआर अंबेदकर सभा का प्रधान उदयभान चोपड़ा, पूर्व प्रधान विजेन्द्र सब्रवाल आदि मौजूद थे।
हिंसा सरकार की अनुभव हीनता का नतीजा
जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान भड़की हिंसा बारे उन्होंने कहा कि इसकी ज्यूडिशियल जांच होनी चाहिए। सरकार ने जो जांच आयोग बनाया उस पर अदालत टिप्पणी कर चुकी है। उन्होंने कहा कि यह प्रदेश 36 बिरादरी का है। कांग्रेस सभी जातियों को साथ लेकर चलती है। प्रदेश में जो कुछ भी हुआ वह सरकार की अनुभवहीनता है। कुछ नेताओं ने गलत बयानबाजी की, जो नहीं होनी चाहिए थी।
कांग्रेस नेताओं को अब एक जुट होकर करना होगा काम
कुमारी सैलजा ने कहा कि कांग्रेस का हर सिपाही पहले भी एकजुट था, आज भी एकजुट है। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस नेताओं को अब एकजुट होकर मिलजुल कर प्रदेश की जनता को पार्टी से जोड़ना चाहिए। प्रदेशाध्यक्ष को लेकर कुछ विधायकों में चल रही नाराजगी के बारे में उन्होंने कहा कि कांग्रेस के हर साधारण कार्यकर्ता से लेकर बड़े पदाधिकारी तक को प्रजातांत्रिक अधिकार है।
संविधान में नहीं लिखा कि भारत माता की जय ना बोलने वाला देशद्रोही है - सैलजा
सैलजा ने कहा कि भारतीय संविधान में कहीं नहीं लिखा कि अगर कोई भारत माता की जय ना बोले तो वह देशद्रोही है। आप भारतीय हैं, भारत आपके दिल में है, उसको प्रदर्शित करने के लिए बोलना जरूरी नहीं है। उन्होंने कहा कि भाजपा नई परिभाषाओं के साथ देश को बांटने का काम कर रही है।