रोडवेज के एक बस कंडक्टर को टिकटों में 700 रुपये का गबन करने के आरोप में सस्पेंड कर दिया गया है।
आरोप है कि कंडक्टर दिल्ली से बस को निर्धारित समय से तीन घंटे पहले ही ले आया और कई सवारियों को या तो टिकट दी ही नहीं और दी तो कम मूल्य की दे दी।
कंडक्टर कैंट के समीप फ्लाइंग के हत्थे चढ़ गया। बाद में अधिकारियों ने कंडक्टर को सस्पेंड कर दिया और उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज करवा दी।
दिल्ली से सिरसा के बीच चलने वाली बस में तैनात कंडक्टर सुरेश कुमार ने दिल्ली से सिरसा और हिसार की सवारियां भर ली। उसने हिसार की दो सवारियों से 260 रुपये ले लिए, जबकि टिकट दी ही नहीं।
इसी तरह सिरसा की तीन सवारियों से 600 रुपये ले लिए जबकि टिकट उन्हें रोहतक तक की दे दी। इसी दौरान कंडक्टर कैंट के समीप रुटीन चेकिंग कर रही फ्लाइंग टीम के हत्थे चढ़ गया।
इंस्पेक्टर कर्मबीर बामल के नेतृत्व में टीम ने जब बस की चेकिंग की तो उसमें पांच सवारियों की टिकटों में गड़बड़ी मिली।
फ्लाइंग टीम के साथ किया दुर्व्यवहार
फ्लाइंग टीम के इंचार्ज इंस्पेक्टर कर्मबीर बामल ने बताया कि गड़बड़ी मिलने के बाद जब फ्लाइंग सदस्यों ने कंडक्टर से थैला मांगा तो उसने थैला देने से मना कर दिया।
कंडक्टर ने फ्लाइंग दस्ते के साथ दुर्व्यवहार भी किया। कर्मबीर ने बताया कि कंडक्टर ने शौचालय में घुसकर पुरानी टिकटों को फ्लैश में डाल दिया। इसके बाद कंडक्टर मौके से फरार हो गया।
बाद में सुबह सारी तहकीकात करने पर पता चला कि कंडक्टर को रविवार शाम को सिरसा जाना था, लेकिन वह सिरसा गया ही नहीं बल्कि सीधा दिल्ली रवाना हो गया था।
एक माह का रिकॉर्ड चेक करेंगे
फ्लाइंग टीम में शामिल निरीक्षक कर्मबीर बामल, बलराम सिंह, उप निरीक्षक सुशील शर्मा, रामनिवास पूनियां, वेदप्रकाश, रामसिंह ढाका, रणधीर खैरी आदि से सारी घटना की जानकारी लेने के बाद ट्रैफिक मैनेजर ने ट्रैफिक ब्रांच को उक्त कंडक्टर के एक महीने का पिछला रिकॉर्ड निकालने के आदेश दिए।
महाप्रबंधक ने ट्रैफिक मैनेजर जितेंद्र यादव की रिकमेंडेशन पर कंडक्टर को सस्पेंड कर दिया। उसके खिलाफ पुलिस में एफआईआर भी दर्ज करवा दी।
सस्पेंड कर दिया, अब जांच करेंगे : यादव
ट्रैफिक मैनेजर जितेंद्र यादव का कहना है कि फिलहाल सारी जानकारी लेने के बाद कंडक्टर को सस्पेंड कर दिया गया है। उसका पिछला रिकॉर्ड भी मंगवाया गया है। सवारियों के भी लिखित बयान हुए हैं।