हांसी। 17 जुलाई को जींद में होने वाली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रैली में चानौत गांव को टी-कनेक्शन देने के लिए आवाज बुलंद करने की ग्रामीणों तैयारियों के बीच अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन ने तैयारी शुरू कर दी है। धरना कमेटी के 33 सदस्यों को पुलिस ने नोटिस जारी किया है। नोटिस में अराजकता फैलाने या कानून व्यवस्था को प्रभावित करने पर कार्रवाई और रैली स्थल तक जाने से रोकने की चेतावनी दी गई है। कई किसानों नेताओं के घर के बाहर पुलिस का पहरा लगा दिया गया है। धरना कमेटी का कहना है कि पुलिस ने गांव के चारों ओर बैरिकेडिंग करके गांव को सील करने की तैयारी शुरू कर दी है।
सदर थाना प्रभारी सदानंद वत्स के अनुसार, धरना कमेटी के प्रमुख सदस्य अनूप चानौत, पूर्व सरपंच सत्यवान, सरपंच प्रतिनिधि हिमांशु, किसान नेता सुरेश कौथ आदि को नोटिस दिया है। वहीं चानौत से जींद के लिए जत्थे रवाना होने शुरू हो गए हैं। मंगलवार को 16 महिलाएं जींद पहुंचीं।
रैली में 'पानी लेंगे टी से' का नारा लगाने का आह्वान
धरना कमेटी के सदस्य अनूप चानौत ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर कहा कि जींद में ठहरने की व्यवस्था की गई है और महिलाएं गाड़ियों में बैठकर जाएंगी, उन्हें समय पर पहुंचकर आगे बैठने का निर्देश दिया गया है। रैली स्थल तक भाजपा के झंडे लगी बसों में ही जाना है। साथ ही प्रधानमंत्री के मंच पर आते ही 'भारत माता की जय' के नारों के साथ 'पानी लेंगे टी से' का नारा लगाने का आह्वान किया गया है।
गांव में बैरिकेडिंग की तैयारी, महिलाओं का जत्था जींद रवाना
चानौत गांव में शहर के लिए आने वाली भाखड़ा पेयजल पाइपलाइन से टी-कनेक्शन की मांग के लिए मंगलवार को भी धरना जारी रहा। गांव कंवारी से बड़ी संख्या में ग्रामीण समर्थन देने के लिए धरना स्थल पर पहुंचे। मोन खाप के प्रधान दलबीर बरन और सुदेश कंडेला ने चानौत आंदोलन को समर्थन दिया।
धरना कमेटी बोली- शांतिपूर्ण तरीके से उठाएंगे आवाज
धरना कमेटी के सदस्य अनूप सिंह चानौत और कुलबीर सिंह ने बताया कि 17 जुलाई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जींद दौरे के दौरान वे अपनी मांग एकजुटता के साथ उठाएंगे। ग्रामीणों का कहना है कि वे 15 जुलाई से ही जींद पहुंचना शुरू कर देंगे और वहां टी-कनेक्शन के माध्यम से पानी की मांग के लिए शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखेंगे। उन्होंने किसी भी प्रकार का हंगामा न करने का आश्वासन दिया है।