हरियाणा में हुए सियासी घटनाक्रम ने प्रदेश के लोगों को चौंका दिया है। जननायक जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ अजय सिंह चौटाला के जन्मदिन पर हिसार में नवसंकल्प रैली का आयोजन किया गया है। इस रैली में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अजय सिंह चौटाला, पूर्व डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला और दिग्विजय चौटाला रैली में पहुंच गए हैं।
भाजपा ने रोहतक सीट का ऑफर दिया- दुष्यंत चौटाला
दुष्यंत चौटाला ने कहा कि जब मैं नड्डा जी से मिलकर आया और आकर अजय चौटाला से चर्चा की कि भाजपा ये कह रही है कि जाकर रोहतक से चुनाव लड़ लो। अजय चौटाला ने मुझे कहा कि भाजपा को जाकर कह दो 5100 पेंशन कर दो, हम एक भी सीट नहीं लेंगे। मैं रात एक बजे जाकर उन्हें कहकर आया। उन्होंने कहा कि विचार करके बताते हैं।
विचार ऐसे हुए कि मेरे साथ खट्टर और विज जी की भी कुर्सी चली गई। मैं अजय सिंह चौटाला को विश्वास दिला सकता हूं कि हम 11 महीने पहले इसी हौसले के साथ चुनाव में गए थे। 15 प्रतिशत वोट चाबी को मिले थे। आज भी कह देता हूं कि आप हमारी यूं ही जिम्मेवारी लगाते रहो। पिछली बार 10 थे, इस बार 50 से ज्यादा सीट लेकर आएंगे।
भाजपा के विधायकों पर किया तंज
मेरे पास कई भाजपा के विधायक आते थे। वे कहते थे कि राज तो आप ही चला रहे हो। हरियाणा की जनती को जात-पात से उठाकर, आगे ले जाने का कम किया। आज महिलाओं को पंचायती राज में 50 प्रतिशत हिस्सेदारी दी। हमने उनकी जात नहीं पूछी। प्रमोशन में एससी वर्ग को हिस्सेदारी दी। आज गांव में डिजिटल लाइब्रेरी बन रही हैं। उसमें हर जाति का बच्चा जाकर पढ़ेगा। बच्चों के पेपर 50 किलोमीटर के अंदर करवाने का काम किया। एक-एक काम प्रयास कर पूरा किया। इस दौरान दुष्यंत चौटाला ने मंच से गीता ज्ञान बताते हुए कहा कि जो हुआ अच्छा हुआ, जो हो रहा है, अच्छा हो रहा है और जो होगा अच्छा होगा।
गाय तो गई, खूंटा भी पाड़कर ले गई- पूर्व डिप्टी सीएम
पूर्व डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला ने कहा गठबंधन टूटने पर कहा कि हम कल के घटनाक्रम पर चर्चा कर रहे थे। कहते कि दुष्यंत तुझे हटाना था। गाय तो गई ही, खूंटा भी पाड़कर ले गई। कहा कि अजय चौटाला का जन्मदिवस चेहरे पर मायूसी नहीं, खुशियां लाने का काम कर गया। दुष्यंत ने कहा कि भाजपा हमारे सहयोग के साथ साढ़े चार साल सरकार चला गई। आज भी चला रही है। आज निर्दलीय विधायकों के साथ बहुमत उनके साथ है। जो साढ़े चार साल हमने सरकार चलाई, वह प्रदेश की तरक्की, किसान-कमेरा कैसे सशक्त हो, उसके लिए काम किया।
सीएम नायब सैनी पर दिग्विजय चौटाला का तंज
प्रदेश के नवनियुक्त मुख्यमंत्री नायब सैनी पर तंज कसते हुए जेजेपी नेता दिग्विजय चौटाला ने कहा कि नायब सैनी बिना एमएलए के सीएम बने हैं और बिना एमएलए की सीएम बने नायब सैनी की वैलिडिटी छह महीने की है।
दुष्यंत चौटाला ने डिप्टी सीएम रहते हुए किए भरपूर विकास कार्य- विधायक अनूप धानक
उकलाना से विधायक अनूप धानक ने कहा कि साढ़े चार साल गठबंधन सरकार में हमने काम किया। दुष्यंत चौटाला ने डिप्टी सीएम रहते हुए भरपूर विकास किया। इसमें चाहे हिसार में एयरपोर्ट बनाने का काम ही क्यों न हों। दोबारा हरियाणा प्रदेश की जनता दुष्यंत को मौका देगी। जो आपके काम अधूरे रहे हैं, वह पूरा करने का काम करेंगे।
जो जैसा करेगा, वैसा भरेगा- विधायक रामकरण काला
रैली में संबोधन के दौरान विधायक रामकरण काला ने कहा कि जो जैसा करेगा, वैसा भरेगा। वर्करों के आज मेहनत करने का समय है। कहा कि आज किसी चीज से घबराने की जरूरत नहीं है। छह माह में वह फिर सरकार बनाएंगे और दुष्यंत चौटाला सीएम बनेंगे।
हरियाणा की नई सरकार का फ्लोर टेस्ट चल रहा है। जजपा ने व्हिप जारी कर विधायकों को गैरहाजिर रहने को कहा है। बावजूद इसके जोगीराम सिहाग, देवेंद्र बबली, रामकुमार गौतम और रामनिवास सुरजाखेड़ा विधानसभा पहुंच गए हैं। इससे साफ है कि पांचों विधायकों ने रैली से किनारा कर लिया है। वहीं, ईश्वर सिंह ने खुद की तबीयत खराब बताई है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि प्रदेश में आए सियासी बदलाव ने हिसार की पावर को कम कर दिया है। हिसार लोकसभा क्षेत्र के दायरे में आने वाली 9 विधानसभा सीट में 5 पर भाजपा और 4 पर जजपा के विधायक हैं। इन सात में चार के पास मंत्री के पद थे। हिसार से भाजपा विधायक डॉ. कमल गुप्ता शहरी निकाय मंत्री, नलवा से विधायक रणबीर गंगवा डिप्टी स्पीकर तथा उकलाना से जजपा विधायक अनूप धानक प्रदेश सरकार में श्रम राज्य मंत्री पद पर थे।
उचाना विधानसभा से विधायक दुष्यंत चौटाला प्रदेश में डिप्टी सीएम का पद सभांल रहे थे। भाजपा व जजपा के कोटे से दो दो मंत्री थे। नए कैबिनेट में हिसार से किसी को शामिल नहीं किया गया है। पहले चरण में हिसार के हिस्से कुछ नहीं आया। भाजपा के पांच विधायकों में से किसके हाथ कुर्सी लगेगी इसके लिए इंतजार करना होगा। कैबिनेट के विस्तार में भव्य बिश्नोई को मंत्री पद मिलने के कयास लगाए जा रहे हैं। डॉ. कमल गुप्ता और रणबीर गंगवा को भी उनकी कुर्सी वापस मिलने के आसार जताए जा रहे हैं।