डीएलसी साबरवास माइनर का सीएम फ्लाइंग ने किया निरीक्षण
हिसार। डीएलसी साबरवास माइनर के रिमॉडलिंग कार्य में अनियमितताओं की शिकायत पर वीरवार को सीएम फ्लाइंग हिसार की टीम गांव कुलेरी और साबरवास क्षेत्र पहुंची। टीम ने विभिन्न हिस्सों से निर्माण सामग्री के सैंपल एकत्रित कर गुणवत्ता परीक्षण के लिए लैब भिजवा दिए हैं।
टीम का नेतृत्व सीएम फ्लाइंग हिसार रेंज इंचार्ज सुनैना ने किया। अधिकारियों ने मौके पर माइनर की वर्तमान स्थिति का निरीक्षण किया और किसानों से बातचीत कर उनकी समस्याएं और शिकायतें गंभीरता से सुनीं। कुलेरी सरपंच प्रतिनिधि विजय, साबरवास सरपंच प्रतिनिधि सुशील सहित किसान सुरेश, राजेश, संदीप, राजेन्द्र, सज्जन, कुलवंत सिंह, नरेश आदि किसानों ने बताया कि सिंचाई विभाग की ओर से डीएलसी साबरवास माइनर का रिमॉडलिंग कार्य जुलाई 2025 में कराया गया था। यह माइनर कुलेरी और साबरवास गांवों के खेतों से होकर गुजरता है और किसान इसी पर नहरी सिंचाई के लिए निर्भर हैं।
किसानों का आरोप है कि रिमॉडलिंग के दौरान घटिया निर्माण सामग्री का प्रयोग किया गया तथा सीमेंट की मात्रा भी निर्धारित मानकों के अनुसार नहीं डाली गई। टीम में पुलिस हाउसिंग कॉरपोरेशन के एसडीओ राजेश कुमार, जेई पवन कुमार, एएसआई सुरेंद्र, हेड कांस्टेबल विजय व जितेंद्र सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
खेत में नहीं पहुंच पा रहा पर्याप्त पानी
किसानों ने यह भी आरोप लगाया कि माइनर के निचले हिस्से में लगाए जाने वाले कागज या पॉलीथिन का उपयोग नहीं किया गया। निर्माण कार्य पूरा होने के कुछ समय बाद ही माइनर में दरारें पड़ने लगीं और कई स्थानों से टूट-फूट शुरू हो गई जिससे पानी का भारी रिसाव हो रहा है। इससे चलते खेतों तक पर्याप्त नहरी पानी नहीं पहुंच पा रहा है और फसलों की सिंचाई प्रभावित हो रही है।