हिसार। हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (एचएयू) में 10 जून को छात्र आंदोलन के दौरान हुए लाठीचार्ज मामले की जांच के लिए गठित समिति ने विश्वविद्यालय के कुलसचिव को व्यक्तिगत रूप से पेश होकर जवाब देने के लिए तलब किया है। जांच समिति के चेयरमैन और मंडलायुक्त अशोक गर्ग की ओर से कुलसचिव को पत्र जारी कर 3 नवंबर सुबह 11 बजे समिति के समक्ष उपस्थित होने के निर्देश दिए गए हैं।
जांच समिति ने कुलसचिव से पहले ही 80 सवालों का जवाब मांगा था, लेकिन समयसीमा बीत जाने के बाद भी कोई उत्तर नहीं भेजा गया। इसके बाद समिति की ओर से स्मरण-पत्र भी जारी किया गया, जिस पर भी जवाब न मिलने पर अब उन्हें व्यक्तिगत तौर पर पेश होने के आदेश दिए गए हैं।
चेयरमैन अशोक गर्ग ने बताया कि समिति की जांच प्रक्रिया जारी है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की ओर से अपना पक्ष रखा जा चुका है। अब विश्वविद्यालय प्रशासन से कुछ बिंदुओं पर स्पष्टीकरण मांगा गया है। उसी के लिए कुलसचिव को समन जारी किया गया है।
यह था मामला
10 जून 2025 को एचएयू में एमएससी और पीएचडी के विद्यार्थी छात्रवृत्ति घटाए जाने के विरोध में कुलपति आवास के बाहर प्रदर्शन कर रहे थे। विद्यार्थियों ने कुलपति की गाड़ी को आगे बढ़ने से रोक दिया था। इस दौरान दो शिक्षकों ने सुरक्षा कर्मियों के साथ मिलकर छात्रों पर लाठीचार्ज कर दिया, जिसमें छह विद्यार्थी घायल हो गए थे। घटना के बाद छात्रों ने कुलपति को हटाने और लाठीचार्ज में शामिल शिक्षकों पर कार्रवाई की मांग को लेकर 26 दिन तक धरना दिया था।