खेत व बगीचे में निराई के लिए बना मिनी ट्रैक्टर (सानेडो) मझोले व छोटे किसानों के लिए बड़ा उपयोगी होगा। सानेडो वह सारे काम करता है, जो कि एक सामान्य ट्रैक्टर कर सकता है। बुलेट, टैंपो व ट्रैक्टर के मिले-जुले स्वरूप वाली यह मशीन महज 1.25 लाख रुपये में तैयार हो जाती है और प्रति घंटा डीजल की खपत 800 ग्राम है। इस मशीन को उत्तरी क्षेत्र फार्म मशीनरी प्रशिक्षण और परीक्षण संस्थान (टीटीसी), हिसार ने प्रमाणित कर दिया है।
कुछ दिन पहले गुजरात में खेत की निराई के लिए एक मशीन बनाई गई। तीन पहिये वाली इस मशीन में हाइड्रोलिक सिस्टम के साथ 5 फाल का कल्टीवेटर लगा है, जिससे फसल की दो लाइनों के बीच की खरपतवार की जुताई की जा सकती है। साथ ही इससे दोनों क्यारियों पर मिट्टी भी चढ़ाई जा सकती है।
एक कृषि प्रदर्शनी में प्रधानमंत्री ने इस नवाचार को देखा और उसे आम किसानों के लिए उपयोगी बनाने का सुझाव दिया। इसके बाद कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय ने मशीन को उन्नत बनाने व इसकी उपयोगिता को प्रमाणित करने के लिए टीटीसी को भेजा। यहां परीक्षण के उपरांत मशीन को कृषि कार्य के लिए उपयुक्त माना गया।
हर तरह के खेत के लिए है उपयुक्त...
तीन पहिये वाला सानेडो एक एकड़ खेत की जुताई तीन घंटे में कर सकता है। बागवानी वाली फसलों में खरपतवार की निराई के लिए भी उपयोगी है। पहियों की ऊंचाई के लिहाज से यह गन्ने की फसल में पहली निराई में बहुत उपयोगी होगा। यूपी-बिहार में छोटी जोत वाले किसानों के लिए यह मशीन किसी वरदान से कम नहीं होगी क्योंकि 20 हॉर्स पॉवर के ट्रैक्टर की कीमत साढ़े छह लाख से शुरू होती है।
ये है खासियत...
टीटीसी के विशेषज्ञों ने बताया कि पांच क्विंटल वजन वाली इस मशीन को सानेडो नाम दिया गया है। इसमें 10 हॉर्स पावर का इंजन लगा है, जो प्रति घंटे 800 ग्राम डीजल की खपत करता है। सानेडो पांच फाल के कल्टीवेटर को खींच सकता है। साथ ही वह रोटावेटर को भी चला सकता है। इसके अलावा वह सड़क पर पांच क्विंटल तक भार भी खींच सकता है।