करनाल के मनोज-बबली ऑनर किलिंग और रोहतक के गरनावठी ऑनर किलिंग जैसे दागों से बदनाम हरियाणा के जिले हिसार में अब आम आदमी की बेटियों के प्रति सोच बदलने लगी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पानीपत में बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान की शुरुआत करने का सकारात्मक परिणाम आने लगा है। रिजल्ट देखिये साल 2015 में औसतन हर 1000 लड़कों के पीछे 886 लड़कियां जन्मीं। जबकि साल 2014 में 875 लड़कियां जन्मी थीं। साल 2016 में औसतन 915 बेटियां जन्मीं हैं। यानी दो साल में औसतन हर 1000 लड़कों के पीछे जन्मने वाली लड़कियों की संख्या में 40 की बढ़ोतरी हुई है। इससे बेटियों के प्रति किए जा रहे प्रयासों के स्वास्थ्य विभाग के दावों को बल मिला है। स्वास्थ्य विभाग सूचना मिलने पर भ्रूण हत्या या भ्रूण जांच के मामलों में सख्त कार्रवाई कर रहा है। उसी का नतीजा है कि लड़कियों की जन्म दर में सुधार होने लगा है।
साल 2016 में जन्मे 36095 बच्चे
माह लड़का लड़की
जनवरी 1487 1382
फरवरी 2795 2514
मार्च 4260 3859
अप्रैल 5662 5171
मइ 7044 6371
जून 8484 7722
जुुलाई 9996 9123
अगस्त 11,739 10,720
सितंबर 13,762 12,602
अक्टूबर 15,397 14,184
नवंबर 17,225 15,785
दिसंबर 18,850 17,245
कुल 18,850 17,245
स्वास्थ्य विभाग की सख्ती दिखाने लगी असर
स्वास्थ्य विभाग ने भ्रूण हत्या या भ्रूण जांच के खिलाफ पूरा शिकंजा कस रखा है। यह इसी का परिणाम है कि हरियाणा से सटे पंजाब, राजस्थान और यूपी में भ्रूण जांच करने के हाल में काफी मामले सामने आये हैं। इनमें काफी लोग इधर से गए। हालांकि अभी भी राज्य या जिले में कोख में कत्ल या जांच का गोरखधंधा चल रहा है। स्वास्थ्य विभाग की सख्त कार्रवाई का नतीजा है कि लड़कियों की जन्म दर संख्या बढ़ी है। यह जन्म दर दो साल में 875 से बढ़कर 915 तक आ गई है। स्वास्थ्य विभाग का रुख ऐसा रहा तो लड़कियों की जन्म दर में और सुधार आना लाजमी है। क्योंकि ऐसी स्थिति में भी हर 1000 लड़कों के पीछे 85 लड़कियां कम जन्मी। अभियान को और तीखा करने की जरूरत है।
पीएनडीटी एक्ट में इन पर एफआईआर
- प्रवीण और अन्य सुंदर नगर हिसार
- इंद्रसेन अस्पताल हांसी
- अनूप अल्ट्रासाउंड केंद्र
- सोनू हांसी और अन्य
- जनता अस्पताल बरवाला
- पिंकी हांसी और अन्य
- जनता डायग्नोस्टिक सेंटर, हांसी
एमटीपी एक्ट में इन पर केस दर्ज
- एएमसी अस्पताल हिसार
- ज्ञानदीप सेवा आश्रम ट्रस्ट
- मित्तल मेडिकोज नारनौंद
- सैनी मेडिकोज नारनौंद
- कृष्णा देवी मोल्लला खातियान
- प्रवीण मेडिकल हाल, ऋषिनगर
- सरिता दुहन आजाद नगर हिसार
- श्री बाला जी अस्पताल, नारनौंद
- बाला जी अस्पताल, बरवाला
- हिंद मेडिकल हाल, हांसी
- चोपड़ा इलेक्ट्रोपैथी पाबड़ा
- राजेश कुमार पटेल नगर
- ज्ञानो देवी 12 क्वार्टर रोड
हमने सूचना मिलने पर तुरंत संबंधित जगह पर रेड की और रेड सफल होने पर पीएनडीटी और एमटीपी एक्ट के तहत केस दर्ज कराए हैं। अनियमितता पाए जाने पर आठ अल्ट्रासाउंड केंद्र बंद कराए हैं। यह अभियान जारी रहेगा।
- डॉ. तेजपाल शर्मा, प्रभारी जिला परिवार कल्याण नियोजन हिसार