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कर्मचारी-सैनिक को नहीं मिलेगा पंचायत चुनने के लिए वोट का हक

Sat, 09 Jan 2016 01:43 AM IST
अमर उजाला हिसार/ब्यूरो
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इस बार पंचायत चुनाव में 15 हजार के करीब कर्मचारी और फौजी मतदान नहीं कर पाएंगे। वजह, पंचायत चुनाव में कर्मचारियों के लिए पोस्टल बैलेट वोट का कोई प्रावधान नहीं किया गया है।
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पंचायत चुनाव में ड्यूटी देने वाले सरकारी कर्मचारी, बाहरी जिले में नौकरी करने वाले कर्मचारी तथा सैनिक अपने वोट के अधिकार का प्रयोग करने से वंचित रहेंगे।

पंचायत चुनाव में पहले चरण में करीब 3100 कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई है। इसके अलावा करीब 1500 से अधिक पुलिसकर्मी नियुक्त किए गए गए हैं।

इस तरह प्रशासन ने करीब 4600 से अधिक कर्मचारियों के लिए पोस्टल बैलेट नहीं छपवाए गए हैं। इसके अलावा जिले में करीब 1341 सैनिकों के वोट हैं। इन सैनिक वोट के लिए भी पोस्टल बैलेट का प्रबंध नहीं किया गया।
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15 हजार नहीं डाल सकेंगे वोट
निर्वाचन कार्यालय के अनुसार जिले में हर चरण में करीब तीन हजार से ज्यादा कर्मचारियों की ड्यूटी रहेगी। इस हिसाब से तीनों चरणों में 9 से दस हजार कर्मचारी चुनाव ड्यूटी देंगे। करीब 2 हजार से अधिक कर्मचारी इस काम में लगाए जाएंगे।

इन सभी के अलावा चुनाव के लिए नियुक्त की जाने वाली सैकड़ों गाड़ियों के ड्राइवर, निर्वाचन कार्यालय के कर्मचारी, ईवीएम जमा करने के लिए नियुक्त कर्मचारी, आपातकालीन सेवाओं में नियुक्त कर्मचारी वोट के अधिकार का उपयोग नहीं कर सकेंगे। एक अनुमान के अनुसार करीब 15 हजार से अधिक कर्मचारी अपने वोट का उपयोग करने से वंचित रह जाएंगे।

विधानसभा, लोकसभा चुनाव में यह प्रावधान
विधानसभा चुनाव में कर्मचारियों को पोस्टल बैलेट पेपर जारी किया जाता है। पोस्टल बैलेट पेपर में कर्मचारी अपने वोट को पोस्ट के जरिए भेजते हैं। लोकसभा चुनाव में इलेक्शन ड्यूटी सर्टिफिकेट जारी किया जाता है।

इसके जरिए कर्मचारी जिस बूथ पर ड्यूटी हो वहां पर अपना वोट डाल सकते हैं। इस बार विधानसभा चुनाव में करीब 60 प्रतिशत से अधिक कर्मचारियों ने पोस्टल बैलेट के जरिए वोट का प्रयोग किया था।

हमने प्रयास किया है कि जिस खंड में कर्मचारी की वोट हो वहां उसकी ड्यूटी न लगे। कर्मचारी अपने एरिया में जाकर वोट डाल सकेंगे। कुछ कर्मचारी अपनी चुनावी ड्यूटी कटवाने के लिए बहाना बना रहे हैं। सैनिकों के लिए पोस्टल बैलेट प्रकाशित नहीं कराए हैं। इस बारे में हमारे पास राज्य निर्वाचन कार्यालय से कोई निर्देश नहीं आया।
नरेश पंकज, जिला पंचायत एवं विकास अधिकारी, हिसार

सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जिसकी जहां वोट हो उसकी वहां ड्यूटी न लगाएं। सैनिकों की वोट के लिए प्रबंध है। कोई सैनिक इसके लिए अप्लाई करे तो उसे पोस्टल बैलेट भेजा जा सकता है। कितने बैलेट छपवाए यह स्थानीय अधिकारी बताएंगे।
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- राजीव शर्मा, राज्य निर्वाचन आयुक्त, हरियाणा
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