विद्युत सदन में मांगों को लेकर नारेबाजी करते हुए।
हिसार। विभिन्न मांगों को लेकर शुक्रवार को विद्युत सदन में हरियाणा पावर इंजीनियर्स एसोसिएशन (एचपीईए) का विरोध प्रदर्शन पांचवें दिन शुक्रवार को भी जारी रहा। प्रदेश महासचिव रविंद्र घणघस की अध्यक्षता में आयोजित प्रदर्शन के दौरान हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम, दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम व उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम से जुड़े पावर इंजीनियर्स से जुड़े मुद्दे प्रमुखता से उठाए गए।
घणघस ने कहा कि लाइन लोस को लेकर दोनों डिस्कॉम के कई अधीक्षण अभियंताओं को जारी किए गए कारण बताओ नोटिस पूरी तरह अतार्किक व बेबुनियाद है, यह प्रबंधन द्वारा उनके प्रोमोशन में बाधा उत्पन्न करने का गलत प्रयास मात्र है। वरिष्ठ उपाध्यक्ष बलजीत बैनिवाल ने कहा कि निगम की ओर से नए संसाधन उपलब्ध करवाने चाहिए। हिसार जोनल अध्यक्ष आशीष मोदी व वरिष्ठ उपाध्यक्ष सलाऊदीन कागदाना ने हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम में दो दशकों से ज्यादा समय से लंबित रिस्ट्रकचरिंग के मुद्दे को लेकर कहा कि आमजन, औद्योगिक व व्याव्सायिक लोड डिमांड बढ़ने से उसकी आपूर्ति के लिए दो दशकों में एचवीपीएन के बिजली उपकेंद्रों की कि संख्या तीन गुना से अधिक बढ़ चुकी है, ट्रांसमिशन लाइन भी उसी अनुसार बढ़ी है। मौजूदा उपकेंद्रों में नए ट्रांसफॉर्मर लगने व पुराने ट्रांसफार्मरों की क्षमता बढ़ने से कुल हैंडलिंग कैपेसिटी में दस गुना इजाफा हुआ है पर उसे चलाने व रखरखाव करने के लिए जरूरी उसके अनुपातिक इंजीनियर्स व कर्मचारियों की संख्या नहीं बढ़ाई गई है। इस मौके पर एसई अनुपन कटियार, एक्सईएन राजेश निनाणियां, होशियार सिंह जाखड़, अनीश ग्रोवर, संदीप कुंडू, सुदीप बामल, एसडीओ मुकेश रोहिल्ला, अजीत कुमार, साहिल गर्ग, ललित कुमार आदि मौजूद रहे।