हिसार। सुबह सवा चार बजे निगम कार्यालय के बाहर एक तरफ कूड़ा उठवाने के लिए अधिकारी तो दूसरी ओर हड़ताली कर्मचारियों को रोकने के लिए पुलिस रणनीति बना रही थी। 4.21 बजे डीएसपी नारायण चंद पहुंचे तो पुलिसकर्मी अलर्ट हो गए। डीएसपी ने नगर निगम की संयुक्त आयुक्त बेलिना से बातचीत की। 4.37 बजे नगर निगम की टीम पुलिस फोर्स के साथ रेड स्क्वेयर मार्केट रवाना हुई, मगर यहां न तो जेसीबी थी और न ही ट्रैक्टर-ट्रॉली।
सुबह 5 बजे जेसीबी और ट्रैक्टर ट्राली पहुंची तो निगम अधिकारियों ने कूड़ा उठवाने का काम शुरू कराया। महज पांच मिनट बाद ही सफाई कर्मचारी नारेबाजी करते हुए पहुंचे और कूड़ा उठान का विरोध किया। इस दौरान पुलिस और सफाई कर्मियों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई। कुछ कर्मचारी जेसीबी पर चढ़ गए और काम में बाधा पहुंचाई। इस दौरान जेसीबी का शीश टूट गया। करीब पौने घंटे तक ऐसा ही चलता रहा। इसके बाद हालात बिगड़ते देख पुलिस को हल्का बल प्रयोग करना पड़ा। तीन महिला कर्मचारियों को पुलिस बस में बैठा लिया, जिस पर कर्मचारियों से नोक-झोंक भी हुई। आखिरकार निगम की संयुक्त आयुक्त बेलिना सहित 10 कर्मचारी मैदान छोड़कर लौट गए। उधर, कर्मचारियों ने निकाय मंत्री डॉ. कमल गुप्ता के खिलाफ नारेबाजी की। उनका कहना था कि जब तक हमें पक्का नहीं करेंगे, तब तक कूड़ा नहीं उठाएंगे।
उधर, दो दिन पहले कैमरी रोड पर कचरा उठान के दौरान पुलिस पर पथराव, धक्का मुक्की, बुलडोजर और 5 ट्रैक्टर-ट्रालियों के टायरों में सुए से पंक्चर करने के मामले में सिविल लाइन थाना पुलिस ने 150 अज्ञात कर्मचारियों पर केस दर्ज किया है।
भनक लगी तो नगर निगम ने बदला अपना प्लान
नगर निगम की ओर से शनिवार को पीएल स्थित सामुदायिक केंद्र के पास कूड़ा उठवाना था, मगर इसकी भनक सफाई कर्मचारियों को लग गई। इसके बाद निगम की टीम ने अपना प्लान बदल लिया। टीम रेड स्क्वेयर मार्केट पहुंची, मगर यहां भी कर्मचारी पहुंच गए और कूड़ा उठान के कार्य में बाधा पहुंचाई।
एक कर्मचारी हाथ में सुआ लेकर जेसीबी पर चढ़ा
विरोध के बाद जब काम रोक दिया गया तो यहां से जेसीबी ले जाने लगे। इस दौरान एक सफाई कर्मचारी हाथ में सुआ लेकर पहुंचा और जेसीबी के ऊपर चढ़ गया। कर्मचारी ने सुए से टायर को पंक्चर करने की कोशिश की तो पुलिस ने उसे पकड़कर नीचे उतारा। इस दौरान जेसीबी का शीशा टूट गया। आरोप है कि एक महिला सफाई कर्मचारी ने तो निगम के कर्मचारी को अपशब्द तक कहे।
महिला सफाई कर्मचारियों का आरोप पुलिस ने उठाया हाथ
प्रदर्शनकारी महिला सफाई कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि महिला पुलिस कर्मी पीछे रही, मगर पुरुष पुलिस कर्मचारियों ने उन पर हाथ उठाया है, जो सरासर गलत है। काफी देर तक महिलाओं ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। सफाई कर्मचारियों के मुकाबले पुलिस कर्मियों की संख्या काफी कम रही। इस कारण कर्मचारियों को रोकने के लिए पुलिस को मशक्कत करनी पड़ी।
कर्मचारियों ने ताली बजा एकता में है बल के नारे लगाए
सुबह जब जेसीबी की मदद से कूड़ा उठाना शुरू किया तो निगम के अधिकारियों व कर्मचारियों ने दूरी बना ली। वह सफाई कर्मचारियों से दूर एक तरफ खड़े हो गए। सफाई कर्मचारियों के विरोध के बाद काम रुका तो संयुक्त आयुक्त व कर्मचारी यहां से निकलने लगे मगर उन्हें देख सफाई कर्मचारी उनकी ओर दौड़ पड़े। इन्हें देख संयुक्त आयुक्त व कर्मचारी मैदान छोड़ बीच में ही भाग गए तो सफाई कर्मचारियों ने तालियां बजाईं और एकता में बल है के नारे लगाए।