शहर में दर्जभर से ज्यादा कॉलोनियां है, जिन पर हाईटेंशन तार मौत बनकर मंडरा रही है। कई दफा इन कॉलोनियों में रहने वाले बाशिंदे इन हाईटेंशन तारों के चलते मौत के काल में समा चुके हैं, तो कई इसका दर्द लेकर जीने को मजबूर है।
इन कॉलोनियों के लोग हजारों दफा निगम से इस बारे में गुहार लगा चुके हैं कि इन हाईटेंशन तारों को यहां से हटाया जाए। उधर बिजली निगम इन तारों को हटाने की बजाय उन घरों को अवैध निर्माण बता रहा है, जिन घरों के ऊपर से ये हाईटेंशन तारें गुजर रहीं हैं। यही नहीं इस मामले की गूंज विधानसभा तक में भी पहुंच चुकी है।
अगर उन कॉलोनियों की बात की जाए, जिन कॉलोनियों के ऊपर से हाईटेंशन तार गुजरे हुए है, तो उनमें शिव कॉलोनी, सूर्य नगर, महावीर कॉलोनी, न्यू मॉडल टाउन एक्सटेंशन, आजाद नगर, शिव नगर, बारह क्वार्टर, मिल गेट एरिया आदि का नाम शामिल है।
सूर्य नगर में मंगलवार को हाईटेंशन की चपेट में आने का यह इस महीने का दूसरा मामला है। इससे पहले 16 अप्रैल को मिल गेट एरिया के शिव नगर में हाईटेंशन तार की चपेट में आने से एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया था और यह व्यक्ति निजी अस्पताल में जिंदगी व मौत के बीच झूल रहा है। इससे पहले कई हाईटेंशन तारों के चलते कई हादसे हो चुके हैं।
उधर हाईटेंशन तारों के मामले में बिजली विभाग के नियम तहत अगर किसी कॉलोनी में पहले से ही हाईटेंशन तार गुजर रहे हैं, तो उस तार के नीचे किसी तरह का निर्माण करना अवैध है। क्योंकि इससे किसी हादसे की संभावना बनी रहती है। इसके अलावा निगम का कहना है कि अगर उस कॉलोनी के लोग इन तारों का हटवाना चाहते हैं, तो इसका खर्चा भी उन्हें ही वहन करना होगा।
जहां हादसा हुआ है, वहां कॉलोनी बसने से पहले ही हाईटेंशन तारें गुजरी हुई थी। वैसे तो इन तारों के नीचे किसी भी तरह का निर्माण करना ही गलत है। अगर लोग इन्हें हटवाना चाहते है, तो इसका खर्चा भी उन्हें ही वहन करना पड़ेगा।
डीपी ढुल, प्रवक्ता, दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम