अमर उजाला ब्यूरो
हिसार।
हरियाणा राज्य महिला आयोग की सदस्य सुमन बेदी ने कहा कि बच्चियों से दुष्कर्म करने वालों के लिए हरियाणा में फांसी की सजा का प्रावधान कराने का प्रयास करेंगे। आयोग ने सरकार को प्रस्ताव भेजा है। अगले सप्ताह इस बारे में सीएम से बैठक होगी
सुमन बेदी शुक्रवार को हिसार में साढ़े तीन साल की बच्ची से हुए दुष्कर्म मामले में यहां पहुंची थीं। पीडब्ल्यूडी विश्राम गृह में मीडिया से बातचीत में कहा कि समाज में छेड़छाड़ और दुष्कर्म जैसी बढ़ती वारदात से हर व्यक्ति चिंतित है। कानूनों को कड़ा करते हुए दुष्कर्मियों को सीधे फांसी की सजा घोषित करने की जरूरत है। ऐसा प्रावधान करवाने के लिए महिला आयोग गंभीर प्रयास कर रहा है। मध्यप्रदेश और राजस्थान में क्रमश: 15 व 12 साल की बच्ची से दुष्कर्म होने पर दोषी को फांसी देने का प्रावधान है। हरियाणा में हमारा प्रयास 18 साल तक की बच्ची के मामले में यह कानून लागू करवाया जाए। आयोग के प्रयासों के चलते अब प्रदेश में इस प्रकार के मामलों की सुनवाई के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट की शुरुआत की जा रही है।
लड़कों में अच्छे संस्कार पैदा करने की जरूरत
दुष्कर्म व छेड़छाड़ की घटनाओं पर अधिकारियों की लापरवाही को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। महिला विरुद्ध अपराधों पर अंकुश के लिए कमेटी बनेगी। कहां-कहां ऐसी समितियां नहीं बनाई, उनसे स्पष्टीकरण मांगा जाएगा। दोषी पाए जाने पर अधिकारियों पर भी कार्रवाई की जाएगी। अभिभावकों को भी जागरूक होने की जरूरत है। लड़कों में ऐसे संस्कार पैदा करने जरूरी हैं कि वे महिलाओं और लड़कियों के प्रति सम्मान की भावना रखें। एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि महिला आयोग शोषण के नाम पर ब्लैकमेलिंग करने वाली महिलाओं के खिलाफ भी कार्रवाई करने में पीछे नहीं है। पिछले दिनों रोहतक में ऐसी महिला के खिलाफ भी आयोग द्वारा एफआईआर दर्ज करवाई गई है। इस अवसर पर डीएसपी जयपाल सिंह और इंस्पेक्टर सरोज सहित अन्य अधिकारी भी मौजूद थे।
दरिंदों को फांसी की सजा देने की मांग पर सीएम से अगले सप्ताह मीटिंग : सुमन बेदी
हरियाणा राज्य महिला आयोग की सदस्य बोलीं