अमर उजाला ब्यूरो
हिसार।
संयुक्त जल संघर्ष समिति के बैनर तले लघु सचिवालय पर नहरों में पानी की मांग के लिए जारी अनिश्चिकालीन धरना बुधवार को 17वें दिन दो किसानों की हालत बुधवार को खराब हो गई। इससे पहले भी छह किसानों की तबीयत बिगड़ चुकी है।
प्रधान कुरड़राम ने कहा कि खराब तबीयत होने के कारण केदार सिंह भिवानी व मांगेराम गिल डोभी को सामान्य अस्पताल में दाखिल कराया गया है। उन्होंने कहा कि शासन प्रशासन किसानों की लगातार अनदेखी कर रहा है। ऐसे में अगर कोई अनहोनी होती है तो इसके लिए प्रशासन जिम्मेदार होगा।
पांच फरवरी के महारोष प्रदर्शन की तैयारियों को लेकर प्रधान कुरड़ाराम की अगुवाई में लाडवा, दाहिमा, भोजराज, नलवा, बालावास, गुंजार, धमाना, कंवारी में प्रचार अभियान चलाया गया। प्रधान कुरड़ाराम ने कहा कि इस रोष प्रदर्शन को लेकर क्षेत्र के किसानों में भारी जोश है और वे मातृशक्ति के साथ पांच फरवरी को अनाजमंडी में ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के साथ शक्ति प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने किसानों से आह्वान किया कि वे इस प्रदर्शन में ज्यादा से ज्यादा संख्या में भाग लें ताकि जनशक्ति के माध्यम से दो सप्ताह नहरी पानी की मांग को पूरा करवाया जा सके। धरने को कामरेड कृष्ण स्वरूप गोरखपुरिया ने अपना समर्थन दिया। इस मौके पर समिति के महासचिव सत्यवीर पूनिया, कुलवंत नंबरदार, राजेंद्र ढाका, बनवारी नंबरदार, सुदर्शन, कर्मसिंह, सूबे नंबरदार, हवासिंह झाझडिय़ा, उमेद सिंह किरतान, अनूप सिंह, सूबेसिंह बांडाहेड़ी, महाबीर दूत, दलीप सहारण, राजकुमार लौरा, महाबीर खिचड़, बलजीत भिवानी रोहिल्ला, रतन पचार, सेवाराम धीरणवास, बलवान जांगड़ा, रामपत श्योराण, सुंदर सिंह फौजी व विरेंद्र पूनिया सहित भारी संख्या में किसान मौजूद रहे।
नहर में पानी की मांग के लिए धरनारत दो किसानों की बिगड़ी तबीयत, अस्पताल में भर्ती