हिसार। रायपुर पुल के पास चार दिन पहले बालसमंद सब ब्रांच में आई दरार को बंद करने के बाद मंगलवार को नहर का बेड बनाने का काम शुरू हो गया है। सिंचाई विभाग के अधिकारी मौके पर निगरानी में जुटे हैं। नहर का करीब 700 फीट लंबा कंकरीट का बेड बनाया जाएगा। इसके सूखने के बाद नहर में दोबारा पानी छोड़ा जाएगा। फिलहाल नहर के पानी को राणा डिस्ट्रीब्यूटरी और बरवाला माइनर में छोड़ा जा रहा है।
जानकारी के अनुसार 24 मई की रात अंधड़ में सफेदे का पेड़ टूट कर बालसमंद ब्रांच में गिरने से नहर ओवरफ्लो होकर टूट गई थी। इससे करीब 400 एकड़ में जलभराव हो गया और सब स्टेशन में पानी भर गया। बालसमंद सब ब्रांच के पानी को बरवाला व राणा डिस्ट्रीब्यूटरी में ट्रांसफर किया गया। इसके बाद दरार को बंद करने का काम शुरू हुआ। करीब 27 घंटे में नहर के कटाव को पाटा जा सका। नहर के टूटने से बेड का करीब 600-700 फुट हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया। सोमवार को नहर से पानी पूरी तरह से निकाला गया। मंगलवार को मिट्टी डालकर दोबारा से बेड बनाने का काम हो सका। सिंचाई विभाग के अधिकारियों के अनुसार, बुधवार शाम तक बेड तैयार कर लिया जाएगा। इसके बाद 24 घंटे के लिए इसे छोड़ा जाएगा। शुक्रवार से नहर में दोबारा से पानी छोड़ा जाएगा।
नहर का बेड बनाने का काम शुरू किया गया है। बुधवार शाम तक इसको पूरा किया जाएगा। शुक्रवार से नहर में दोबारा से पानी छोड़ने की उम्मीद है। अगर कोई बड़ी बाधा नहीं आई तो दो से तीन दिन में शहर के जलघरों को पानी की आपूर्ति शुरू हो जाएगी। - सत्यवीर कुहाड़, एसडीओ, सिंचाई विभाग
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220 केवी सब स्टेशन बंद, दो पंपसेट से निकाल रहे पानी, वैकल्पिक फीडरों से जोड़कर बिजली आपूर्ति बहाल की
हिसार। चार दिन पहले अंधड़ में पेड़ गिरने से ओवरफ्लो होकर होकर टूटी बालसमंद ब्रांच नहर से लाखों लीटर पानी 220 केवी सब स्टेशन भर गया। इस पानी को निकालने के लिए जनस्वास्थ्य विभाग ने दो पंपसेट लगाए हैं, जिन पर 168 एचपी की मोटरें लगी हैं। सोमवार से कर्मचारी पंपसेट की मदद से पानी को सातरोड खास के जलघर में डाल रहे हैं। जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि पानी निकासी में 24 से 36 घंटे का समय लगेगा। वहीं, सब स्टेशन से बिजली आपूर्ति मंगलवार को तीसरे दिन भी बंद रही। इसके चलते सब स्टेशन से जुड़े ग्रामीण व शहरी एरिया को अन्य फीडरों से वैकल्पिक तौर पर बिजली सप्लाई दी जा रही है।
इन क्षेत्रों में लोग झेल रहे बिजली कटौती
220 केवी सब स्टेशन के बिजली आपूर्ति बंद करने से बिजली व्यवस्था गड़बड़ाई हुई है। आधे शहर में अघोषित कट लगाने पड़ रहे हैं। वहीं, रायपुर, शिकारपुर, नियाना, खोखा ,खरकड़ी, मिर्जापुर सहित अन्य गांवों को दूसरे फीडरों से कुछ-कुछ समय के लिए बिजली आपूर्ति दी जा रही है। खरड़ गांव में दिक्कत बनी हुई है। बिजली सप्लाई के सुचारू न होने से ग्रामीणों को परेशानियों को सामना करना पड़ रहा है। शहरी एरिया में पुलिस लाइन एरिया, औद्योगिक एरिया, मिलगेट एरिया, सहित कुछ अन्य काॅलोनियों में बिजली कटौती हो रही है।
सब स्टेशन से अभी पानी निकासी का काम चल रहा है। पानी की निकासी सुनिश्चित होने के बाद स्टेशन को चेक करके चालू किया जाएगा। हमने सभी गांवों व शहरी एरिया को वैकल्पिक फीडरों से जोड़कर आपूर्ति बहाल कर दी है। सामान्य बिजली आपूर्ति देने के पूरे प्रयास किए जा रहे हैं। - सत्यप्रकाश, एक्सईएन, हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम।
तकनीकी टीम ढाणी रायपुर के 220केवीआईए पावर हाउस पहुंची
220केवीआईए पावर हाउस डूबने से मंगलवार को भी शहर के 40 से अधिक क्षेत्रों में 30-30 मिनट के बिजली कट लगते रहे। जिस कारण करीब 60 हजार से अधिक उपभोक्ता प्रभावित हुए। 220केवीआईए पावर हाउस में बुधवार तक पानी उतरने की उम्मीद है। इसलिए बिजली निगम ने मंगलवार शाम को तकनीकी टीम मौके पर भेज दी है। जोकि सिंचाई, जनस्वास्थ्य विभाग के क्लिन चिट का इंतजार करेगी। उम्मीद है कि शाम तक पानी उतर जाएगा, जिसके बाद बिजली निगम की हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम की तकनीकी टीम उपरोक्त पावर हाउस की टेस्टिंग करना शुरू कर देगी। जो फीडर ओके मिलेंगे उन्हें चालू करते रहेंगे। तब तक उपरोक्त पावर हाउस से जुड़े गांवों को वेकल्पिक तौर पर बिजली सप्लाई दी जाएगी लेकिन कट भी लगते रहेंगे।
बुधवार दोपहर बाद 220केवीआईए पावर हाउस से पानी उतरने की उम्मीद है। एचवीपीएन की ओर से तकनीकी टीम भेज दी गई है, जोकि पहले टेस्टिंग करेगी। उसके बाद फीडर के हिसाब से चालू कर जुड़े क्षेत्रों को बिजली सप्लाई देते रहेंगे। लेकिन इससे पहले सिंचाई व जनस्वास्थ्य विभाग क्लिन चिट देगा। तभी उपरोक्त कार्रवाई को शुरू किया जाएगा। - ओमबीर, एसई, ऑपरेशन शाखा, बिजली निगम, हिसार।