हिसार। मेघालय के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने कहा कि सीबीआई ने मुझे संपर्क नहीं किया। अगर पूछेंगे तो बता दूंगा। मुझे कुछ चीज छिपानी नहीं हैं। 300 करोड़ रुपये की घूस का ऑफर के आरोप के मामले में मुझे नहीं फंसा सकते, हां किसी को बचा सकते हैं। हो सकता जांच के जरिये किसी को क्लीन चिट दिलाने की कोशिश हो। उन्होंने दोहराया कि केंद्र सरकार किसानों के मामले पर ज्यादा गंभीर नहीं है। मामले को लंबा खींच रही है। एमएसपी पर कानून बनाना चाहिए। वह वीरवार को राजस्थान से लौटते हुए कुछ देर के लिए हिसार रुके थे। इस दौरान वे छोटूराम कॉलोनी में एडवोकेट पृथ्वी सिंह यादव के घर पर भी पहुंचे। इस दौरान राज्यपाल के एडीसी मेजर मोहित यादव परिवार के सदस्यों के साथ मौजूद रहे।
मैं पैदाइशी किसान, मुझे किसी पद की लालसा नहीं
मीडिया से बातचीत में राज्यपाल ने कहा कि मैं पैदाइशी किसान हूं और मुझे किसी पद की लालसा नहीं है। एमएसपी कमेटी अब तक नहीं बनाए जाने के सवाल के जवाब में कहा कि केंद्र सरकार किसानों के मामले पर ज्यादा गंभीर नहीं है। उन्होंने कहा कि किसी पार्टी में जाने की बजाए किसानों की लड़ाई लड़ता रहूंगा। मैं पहले भी किसानों के साथ था और आगे भी किसानों के साथ रहूंगा। महंगाई पर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा कि ऐसा नहीं है कि पेट्रोल के दाम अंतरराष्ट्रीय बाजार में इतने महंगे हैं। टैक्स ज्यादा लगाया है। उन्होंने कहा कि देश में बहुत अधिक बेरोजगारी है। जब तक युवा को नौकरी नहीं मिल जाती तब तक सरकार को ग्रेजुएट को 10 हजार रुपये और इससे कम को 5 हजार प्रतिमाह भत्ता देना चाहिए।