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Hisar News: कृषि मेला आज से, प्रभुवाला गांव का कार्तिक और खेड़ी बर्की का दंपती होगा सम्मानित

Mon, 17 Mar 2025 01:10 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
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गांव प्रभुवाला निवासी युवा प्रगतिशील किसान कार्तिक नेट हाउस की जानकारी देते हुए
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हिसार। चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय के गेट नंबर-3 समीप मेला ग्राउंड में सोमवार से दो दिवसीय कृषि मेला (खरीफ) का शुभारंभ होगा, जिसमें मुख्यातिथि रूप से विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. बीआर कांबोज रहेंगे, जबकि सांसद, फैंकफर्ट, जर्मनी से राहुल कुमार विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगे। इस मेले का मुख्य विषय ‘कृषि में उद्यमिता को बढ़ावा’ है। खास बात है कि इस मेले में कुल 40 प्रगतिशील किसानों को सम्मानित किया जाएगा, जिनमें हिसार स्थित गांव खेड़ी बर्की निवासी सुमित्रा देवी व गांव प्रभुवाला निवासी कार्तिक शामिल हैं। सुमित्रा देवी को फल सब्जी उत्पादन एवं स्वयं सहायता समूह में शामिल होकर स्वरोजगार में बढ़ावा देने विषय पर व किसान कार्तिक ने पोली हाउस में सब्जी उत्पादन एवं बागवानी किन्नू उत्पादन विषय में बेहतरीन कार्य करने पर सम्मानित किया जाएगा।
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आचार-मुरब्बा व चटनी बनाने से की शुरुआत, आज प्रति माह करते हैं 60 हजार रुपये की बचत

गांव खेड़ी बर्की निवासी सुमित्रा देवी ने पति नरेश कुमार के संग आचार-मुरब्बा व चटनी बनाने की शुरुआत की। इसके लिए 2022 में एचएयू के साइना नेहवाल कृषि प्रौद्योगिकी में दोनों ने 5-5 दिन की ट्रेनिंग ली, जिसमें उन्होंने आचार-मुरब्बा व चटनी बनाने का प्रशिक्षण सीखा। अनुसूचित वर्ग से संबंध रखने पर सरकार की ओर से 10 हजार रुपये की सहायता राशि प्रदान की, जिससे उन्होंने आचार व अन्य सामग्री बनाने के लिए उपकरण खरीदे। सदलपुर स्थित कृषि विज्ञान केंद्र के निदेशक डॉ. नरेंद्र कुमार के सानिध्य में भी उन्होंने कई मेले में भाग लेकर रोजगार स्थापित करने के टिप्स लिए। उसके बाद समय-समय पर सेमिनार व मेले में भाग लेकर आचार-मुरब्बा व चटनी से बने खाद्य सामग्री की स्टालें लगाई। आज दंपती व्हाट्सएप ग्रुप पर उपरोक्त खाद्य सामग्री के आर्डर लेते है और प्रति माह 60 हजार रुपये की बचत करते हैं। आज के दिन यह दंपती 65 प्रकार के आचार, 15 प्रकार के मुरब्बे, 7 प्रकार की चटनी, दो प्रकार की आंवला कैंडी व आंवला लड्डू बनाकर स्वरोजगार को मजबूत दिशा दे रहे हैं। इतना हीं नहीं आज के दिन गांव खेड़ी बर्खी निवासी सुमित्रा देवी ने पति नरेश कुमार द्वारा तैयार किए गए आचार-मुरब्बे व चटनी की मांग पंजाब, राजस्थान, हनुमानगढ़, लुधियाना, उत्तर प्रदेश सहित हरियाणा के विभिन्न जिलों में है।

25 साल का युवा किसान रंगीन शिमला की खेती कर कमा रहा ढेरों

गांव प्रभुवाला निवासी 25 वर्षीय कार्तिक को भी सोमवार को आयोजित होने वाले कृषि मेला खरीफ में सम्मानित किया जाएगा। 2020 में करनाल स्थित गरौंडा में आयोजित एक कृषि मेले में पिता शिव शंकर के साथ गया था। उस दौरान नेट खेती कार्तिक को ऐसी भा गई कि उसने इस तरीके से खेती कर रुपये कमाने का मन बनाया। पिता शिव शंकर ने भी करीब 22 साल तक बागवानी खेती के तहत अमरूद, बेर व किन्नू की खेती की। आज के दिन कार्तिक एक एकड़ में नेट हाउस में सब्जी उगाता है, जिनमें बोक्रली, रंगीन शिमला मिर्च, खीरा इत्यादि शामिल हैं। इसके अलावा बागवानी खेती के अंतर्गत किन्नू, नींबू व आधे एकड़ में खजूर उगाए हैं। शिव शंकर ने बताया कि हालांकि नेट हाउस थोड़ा खर्चीला तरीका है, जिसमें करीब 27 लाख रुपये का खर्चा आता है। इसमें से 60 फीसदी अनुदान राशि सरकार वापस किसान को देती है। खास बात है कि कार्तिक नेट हाउस व बागवानी खेती के अंतर्गत जो भी सब्जी-फ्रूट उगाता है वो सभी टपका सिंचाई की मदद से कर रहा है। पिता ने बताया कि बेटा प्रति साल 40 लाख रुपये की बचत करता है।
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