शहर के एक एडवोकेट फ्लैट खरीद में पांच लाख रुपये की ठगी के शिकार हो गए। अब एडवोकेट को न तो फ्लैट मिल रहा, न ही पांच लाख रुपये। बदले में उसे ही जान से मारने की धमकी मिल रही है। मामले की शिकायत उन्होंने पुलिस को दी है। पुलिस ने कंपनी के डायरेक्टर सहित तीन लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
पीएलए निवासी एडवोकेट रविंद्र अग्रवाल ने पंचकूला में एक बिल्डर से अपनी पत्नी सरोज के नाम फ्लैट खरीदने के लिए डील की थी। उसने पांच लाख रुपये के पंजाब नेशनल बैंक के चेक दिए, जिसमें 23 जून 2011 को बिल्डर को दो लाख रुपये का पहला चेक दिया।
इसके बाद 25 जुलाई, 2012 को तीन लाख रुपये का दूसरा चेक दिया। चेक लेने के बाद बिल्डर उन्हें फ्लैट देने का झांसा देता रह।
आरोप है कि बिल्डर ने उनसे करीब पांच लाख रुपये लेने के बाद भी फ्लैट उनकी पत्नी के नाम नहीं किया। मामले की शिकायत उसने कोनार्क राजहंस एस्टेट के डायरेक्टर, नरेश और संजीव का नाम लिखवाया है। एडवोकेट का कहना है कि उसने रुपये वापस देने की मांग की तो उसे जान से मारने की धमकी मिल रही है। पुलिस ने कंपनी के डायरेक्टर सहित तीन लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी सहित विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।