हिसार। इस माह 6 से 7 पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होंगे। दूसरे पखवाड़े में पश्चिमी विक्षोभ के असर से बारिश की भी संभावना है। मौसम विशेषज्ञ की मानें तो दूसरे पखवाड़े में लोगों को हाड़कंपाने वाली ठंड का भी सामना करना पड़ेगा।
मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि दिसंबर के अंत तक 6-7 पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होंगे। इस दौरान पहले पखवाड़े में 3-4 कमजोर श्रेणी के पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होंगे। इनके असर से उत्तरी पर्वतीय इलाकों में बर्फबारी होगी। मगर, हरियाणा, एनसीआर व दिल्ली में मौसम आमतौर पर शुष्क और साफ बना रहेगा। केवल सुबह-शाम ठंड से आमजन को रू-बरू होना पड़ेगा। जबकि दिन में चमकदार सुनहरी धूप खिली रहने से ठंड से राहत भी मिलती रहेगी। वहीं, दूसरे पखवाड़े से जेट धाराएं दक्षिणायन होने से पश्चिमी विक्षोभ भी दक्षिणायन होंगे। इनके असर से न सिर्फ उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों में भारी बर्फबारी होगी, बल्कि मैदानी राज्यों विशेषकर हरियाणा, एनसीआर व दिल्ली में बारिश की गतिविधियां होंगी। इस कारण से लोगों को हाड़कंपा देने वाली ठंड का सामना करना पड़ेगा।
पश्चिमी विक्षोभ गुजरा, तापमान में आएगी गिरावट
रविवार को सक्रिय हुआ एक कमजोर श्रेणी का पश्चिमी विक्षोभ सोमवार को आगे निकल गया। अब मंगलवार से हवाओं की दिशा बदलकर उत्तरी होने से तापमान में हल्की गिरावट आएगी। सोमवार को सोनीपत में न्यूनतम तापमान 7.6 डिग्री दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा।
ये रहा न्यूनतम तापमान
शहर-तापमान
अंबाला-13.3
हिसार-8.4
करनाल-9.5
नारनौल-9.5
रोहतक-10.4
भिवानी-10.5
सिरसा-12.2
सोनीपत-7.6