हिसार। बार एसोसिएशन के पूर्व प्रधान दिवंगत गौरीशंकर अत्री की बेटी ऊषा अत्री से छीना-झपटी के मामले में दोषियों को बुधवार को सजा सुनाई गई। एडीजे रेनू राणा की अदालत ने दोषियों को पांच-पांच वर्ष कैद की सजा और 25-25 हजार रुपये जुर्माना लगाया। जुर्माना नहीं भरने पर उन्हें 6-6 माह अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
मामले के संबंध में अर्बन एस्टेट थाने में दो अप्रैल 2019 को रेंटल कॉलोनी निवासी ऊषा अत्री के गाड़ी चालक महावीर कॉलोनी निवासी मनीष और महावीर कॉलोनी निवासी अनिल के खिलाफ धारा 379ए व 120बी के तहत केस दर्ज किया गया था। ऊषा अत्री मुकलान के राजकीय उच्च विद्यालय में हेड टीचर हैं। उल्लेखनीय है कि दो अप्रैल 2019 को ऊषा अत्री ने शिकायत में बताया था कि वह बैंक से रुपये निकलवाकर चालक मनीष के साथ घर जा रही थी। रास्ते में मनीष लजीज वाटिका के पास गाड़ी रोककर प्रेस किए हुए कपड़े लेने लगा। उसी दौरान एक युवक ऊषा से पर्स छीन कर भाग गया। पर्स में तीन लाख 29 हजार 400 रुपये, एक सोने की तुलसी की माला, ग्रीन गोल्ड पन्ने की दो रिंग, बैंक पासबुक, सरकारी आईकार्ड व अन्य सामान था।