मिलगेट थाना पुलिस ने एक व्यक्ति की शिकायत पर दंपती पर देहरादून के एक कॉलेज में एमबीबीएस में दाखिला कराने के नाम पर धोखाधड़ी कर 34 लाख रुपये ठगने के आरोप में 420, 406, 120 बी की आईपीसी की धारा के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पीड़ित ने हिसार पुलिस को 29 मार्च को शिकायत दी थी।
पुलिस के अनुसार दंपती मूलरूप से बिहार के नालंदा के भागवपुर चंडी के रहने वाले हैं, लेकिन अभी वे देहरादून के वसंत विहार एन्क्लेव में रहते हैं। पुलिस को दी शिकायत में सेक्टर 15 निवासी ओमप्रकाश ने बताया कि उसके पहचान का डॉ. दूनीचंद नाम का एक व्यक्ति देहरादून में रहता है। वह और उसका मित्र ईश्वर सिंह उससे मिलने के लिए देहरादून में गया हुआ था। उस दौरान एक परिचित के घर उनके दोस्त दिनेश कुमार भी बैठा था और मैंने अपनी बेटी का एमबीबीएस में दाखिला करवाने की बात कही। दिनेश ने कहा कि उसके मकान में उपेंद्र उर्फ मनीष व उसकी पत्नी किराये पर रहते हैं और दोनों एमबीबीएस में दाखिला करवाने का काम करते हैं। उनसे मिलवाया तो उन्होंने देहारादून के गुरुराम राय इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एंड हेल्थ कॉलेज में बेटी का एमबीबीएस में 34 लाख रुपये में दाखिला करवाने को कहा। इसके बाद फरवरी 2016 के दूसरे सप्ताह में उपेंद्र उर्फ मनीष हिसार के भगत सिंह चौक स्थित जगत रेस्टोरेंट पर आया और 10 लाख रुपये लेकर आने के लिए कहा। आरोपी ने बताया कि उसने गोबिंदगढ़ बाजार से एक बच्चे का देहरादून के मेडिकल कॉलेज में दाखिला करवाया है। उस दिन मैंने वहां पर उसे 10 लाख रुपये दे दिये और कहा कि बाकी के रुपये बाद में भेज दूंगा।
उसके बाद उसने 30 सितंबर 2016 तक उपेंद्र उर्फ मनीष व पत्नी अनामिका रानी सुमन को देहरादून जाकर 19 लाख रुपये व दो लाख रुपये अपने दोस्त दुनीचंद के द्वारा दिए। आरोपी ने उसके पास रजिस्टर्ड लिफाफे में श्री गुरुराम राय इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एंड हेल्थ कॉलेज देहरादून का फार्म भी भेजा। मगर पूरी रकम लेने के बाद भी उन्होंने उसकी बेटी का कॉलेज में दाखिला नहीं करवाया। जब उसने कहा कि उन्होंने उसके साथ धोखाधड़ी की है और सारी रकम मुझे वापस कर दो। आरोपी कहने लगा कि अभी नोटबंदी की वजह से मेरा रुपया रुक गया है। मुझे बार-बार देहरादून चक्कर लगाने पर आरोपी ने 4 लाख रुपये अलग-अलग किस्तों में दे दिए। मुझे पता चला कि कुछ और लोगों से मिलकर एक बहुत बड़ा गिरोह बनाया हुआ है और दाखिला करवाने के लिए ऐजेंट कह कर भोले-भाले लोगों से धोखाधड़ी व जालसाजी करके पैसे ऐंठने का काम करते हैं। इस पर उसने उसे जान से मार देने की धमकी भी दी। इसके बाद पुलिस को सूचना दी।