अमर उजाला ब्यूरो
हिसार।
शुक्रवार रात करीब 12 बजे बाडो पट्टी गांव के पास शुरू हुए टोल नाके पर पहले ही दिन से विवाद की खबर सामने आई है। पहले ही दिन टोलकर्मियों ने रोडवेज बस के चालक के साथ विवाद कर उसे 24 घंटे की पर्ची देने पर अड़ गए, जबकि बस का चालक 12 घंटे यानी सिंगल ट्रिप की पर्ची लेने पर अड़ा रहा। इस कारण करीब आधा घंटा रोडवेज बस रोकी गई।
शुक्रवार सुबह करीब साढ़े आठ बजे बरवाला की तरफ से आ रही राज्य परिवहन की बस जैसे ही टोल नाके पर टैक्स के लिए रुकी तो चालक ने आने-जाने के टैक्स की पर्ची मांगी। इस पर टोल नाके का कर्मचारी बोला 24 घंटे का ही टैक्स देना होगा। जब आप दूसरी बार टोल नाके से आएंगे तो आपको दूसरी पर्ची देंगे। इसी बात को लेकर दोनों में तू-तू, मैं-मैं हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। काफी समय तक हंगामा हुआ। इसके बाद चालक अपनी बात पर अड़ा रहा और बस को लेकर हिसार डिपो में खड़ा करने और शिकायत करने की बात कही। टोल प्लाजा के लोगों ने कहा कि टोल प्लाजा पर ऐसा कोई मामला नहीं हुआ है। यह साधारण बात थी।
चंडीगढ़, कैथल, कुरुक्षेत्र, करनाल, अंबाला, नरवाना, यमुनानगर, पंचकूला, हिमाचल की ओर जाने वाली सभी बसों को बाडो पट्टी टोल से ही होकर गुजरना पड़ता है। लोकल रूट की बसों को खासतौर पर दिक्कतें हो रही हैं। हिसार-बरवाला के बीच बस का टैक्स 290 रुपये और दोनों तरफ का 440 रुपये तय किया गया है।
रोडवेज ने पांच से 10 रुपये बढ़ाया किराया
टोल शुरू होने के साथ ही रोडवेज ने बसों में किराया बढ़ा दिया है। इसमें पांच से 10 रुपये तक किराया बढ़ाया गया है। चंडीगढ़ के लिए 220 रुपये की बजाय अब 230 रुपये चुकाने होंगे।
चालक 12 घंटे तो टोलकर्मी 24 घंटे टैक्स के लिए अड़े