हिसार। सात अगस्त को रोडवेज बसों का पूरी तरह चक्का जाम रहेगा। रोडवेज यूनियन के सदस्यों ने रविवार को प्रदर्शन कर चक्का जाम का एलान किया। छह अगस्त की रात 12 से सात अगस्त की रात 12 बजे तक रोडवेज बसों के पहिये रोक दिए जाएंगे। हिसार डिपो की करीब 200 बसों को भी अपने रूट पर नहीं चलने दिया जाएगा। चक्का जाम को लेकर रोडवेज संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले रविवार को रोडवेजकर्मियों की बैठक हुई। बैठक में जाम की रणनीति तैयार की गई। इस दौरान केंद्र सरकार के न्यू ट्रांसपोर्ट बिल, प्रदेश सरकार द्वारा रोडवेज में 700 निजी बसों को किलोमीटर स्कीम के तहत चलाने का विरोध किया गया। बैठक की अध्यक्षता यूनियन के जिला प्रधान राजपाल नैन, रामसिंह बिश्रोई, बहादुर संडवा, सतपाल डाबला, रमेश माल, राजेश शर्मा ने संयुक्त रूप से की।
कर्मचारी नेताओं के आरोप, निजीकरण कर रही सरकार
इस दौरान कर्मचारी नेताओं ने कहा कि केंद्र सरकार नए मोटर व्हीकल एक्ट को लागू करके सार्वजनिक परिवहन क्षेत्र का पूर्ण निजीकरण करने का रास्ता साफ करना चाहती है और आम जनता से किफायती व सुरक्षित सरकारी परिवहन सुविधा छीनना चाहती है। इससे सरकारी परिवहन सेवा का क्षेत्र बर्बाद हो जाएगा। उन्होंने बताया कि वाहन चालकों पर सजा व दंड को बढ़ाकर कई गुणा कर दिया गया है। हरियाणा सरकार इस बिल के पास होने से पहले ही इस बिल के मसौदे को हरियाणा में लागू करने को उतावली हो रही है। इसी के तहत 700 निजी बसों को किलोमीटर स्कीम के तहत चलाने पर तुली हुई है, जो तर्कसंगत नहीं है। उन्होंने बताया कि केंद्र व प्रदेश सरकार की इस कर्मचारी व जनविरोधी नीति के खिलाफ 7 अगस्त को पूरे प्रदेश में हरियाणा रोडवेज की बसों का चक्का जाम रहेगा।
जोर-जबरदस्ती की तो जाम कर देंगे अनिश्चितकालीन
जिला प्रधान राजपाल नैन ने बताया कि यदि सरकार के इशारे पर जिला प्रशासन ने कोई जोर जबरदस्ती की तो चक्का जाम अनिश्चितकालीन कर दिया जाएगा, जिसकी जिम्मेवारी सरकार व प्रशासन की होगी। गेट मीटिंग में रोडवेज के रिटायर्ड कर्मचारी नेता का. रूप सिंह व राजबीर सिंधु ने 7 अगस्त के चक्का जाम को अपना समर्थन दिया। इस मौके पर जयभगवान बड़ाला, राजबीर पेटवाड़, रमेश यादव, विजय सिवाच, राजू बिश्नोई, रामफल कादियान, दयानंद सरसाना, प्रेम बालसमंद, विकास कुंडू, जगबीर सरल, बलबीर सिंह, कृष्ण डिंग, धर्मपाल बूरा, बलबीर मैकेनिक व गुलशन गंभीर सहित कई कर्मचारी उपस्थित थे।