अमर उजाला ब्यूरो
हिसार।
वार्डबंदी की सर्वे रिपोर्ट ब्लॉक और वार्ड वाइज एजेंसी ने निगम को थमा दी है। एजेंसी सर्वे की परफोर्मा रिपोर्ट के साथ रजिस्टर में दर्ज रिकॉर्ड भी कार्यालय में जमा कराएगी। सर्वे रिपोर्ट अभी तक सार्वजनिक नहीं है। सर्वे रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि तीन वार्डों में कुछ बदलाव हो सकते हैं। इसके कारण छह या इससे अधिक वार्डों के समीकरण बदल सकते हैं। निगम के सूत्रों की मानें तो दो वार्डों में तो जनसंख्या 30 हजार से अधिक हो चुकी है। इसके अलावा एक वार्ड में 24 हजार के आसपास है। सरकार के नोटिफिकेशन के अनुसार वार्ड नहीं बढ़ाए जा सकते। हां, वार्ड की जनसंख्या एक-दूसरे वार्ड में जोड़ी या घटाई जाएगी।
इन वार्डों में बढ़ी जनसंख्या
सर्वे रिपोर्ट के अनुसार मेयर शकुंतला राजलीवाला के वार्ड में काफी अधिक जनसंख्या है। इसमें सर्वे रिपोर्ट में 24 हजार की जनसंख्या दर्शाई गई है। इसके अलावा वार्ड एक में 31 हजार से अधिक जनसंख्या है। यह वार्ड अनिल जैन उर्फ टीनू का है। वार्ड-14 में भी 30 हजार से अधिक जनसंख्या है। यह वार्ड बीजेपी के पार्षद डॉ. महेंद्र जुनेजा का वार्ड है।
जरनल की जनसंख्या 1.86 लाख, अनुसूचित जाति की 84 हजार
सर्वे रिपोर्ट के अनुसार शहर में जरनल (सामान्य) कैटेगरी के 1.86 लाख लोग हैं। इसके अलावा एससी यानी अनुसूचित जाति के 84 हजार की जनसंख्या है। पिछड़ी जाति की 91 हजार की जनसंख्या है।
सरकार के नोटिफिकेशन में 4 लाख तक 20 वार्ड
निगम और वार्डबंदी के एक्सपर्ट का कहना है कि चार लाख जनसंख्या तक 20 वार्ड ही रहेंगे। सरकार का नोटिफिकेशन है कि जितनी जनसंख्या होगी, उसे उस वार्ड की संख्या से भाग दे दिया जाएगा। यानी उसे 20 वार्डों में डिवाइड कर दिया जाएगा। यह जनसंख्या निर्धारित जनसंख्या के फार्मूले से 10 प्रतिशत कम या ज्यादा हो सकती है। यानी एक वार्ड में जनसंख्या 18 से 20 हजार तक रह सकती है। इससे अधिक जिन वार्डों में जनसंख्या है, उन्हें दूसरे वार्डों में शिफ्ट कर बराबर जनसंख्या का वार्ड बनाया जाएगा।
आज जाएगी सर्वे की जांच के लिए टीम
नगर निगम की टीम मंगलवार को फील्ड में जांच के लिए उतरेगी। निगम कमिश्नर ने सर्वे की रेंडम जांच के लिए चार सदस्यीय चार टीमें गठित कर दी हैं। ये पांच-पांच वार्डों की रिपोर्ट देंगी। अगर कहीं कोई दिक्कत मिली तो टीम की तरफ से आपत्ति दर्ज करवाई जाएगी। इससे एजेंसी दोबारा सर्वे करेगी।
कमिश्नर के सामने ऐरन ने किया था दावा, नहीं गए मेरे घर
कमिश्नर अशोक बंसल के समक्ष पार्षद प्रतिनिधि एवं बीजेपी निगरानी कमेटी अध्यक्ष हनुमान ऐरन ने कहा था कि उनके वार्ड में भी सर्वे वाली टीम तो नहीं पहुंची। मौके पर मौजूद एजेंसी संचालक ने कहा कि ये संभव नहीं, अभी सर्वे रिपोर्ट बता देते हैं। उन्होंने कुछ ही समय में अपनी रिपोर्ट से ये बता दिया कि आपके घर में चार सदस्य हैं। इसके अलावा उन्होंने ऐरन के पड़ोसियों तक की डिटेल बता दी।
वर्ष 2011 के सर्वे में थी 3 लाख 54 हजार जनसंख्या
वर्ष 2011 में वार्डबंदी के लिए सर्वे किया गया था। उस समय 3 लाख 54 हजार जनसंख्या थी। निगम ने उस समय कैंट एरिया, सातरोड़ एरिया, आजाद नगर और पुलिस लाइन का कुछ हिस्सा जोड़ा था। वर्तमान में जो सर्वे रिपोर्ट आई है, उसके हिसाब से 3 लाख 62 हजार के आसपास है। यानी छह साल में शहर में आठ हजार जनसंख्या का इजाफा हुआ है।
सर्वे की रेंडम जांच के लिए टीम गठित कर दी है। टीम मंगलवार को फील्ड में उतरेगी। -जयबीर यादव, ज्वाइंट कमिश्नर नगर निगम