हरियाणा में इस साल 2 लाख 7 हजार हेक्टेयर में धान की पराली जलाई गई। सेेटेलाइट से ली गई तस्वीरों के आधार पर यह आंकड़ा तैयार किया गया है। इसकी फाइनल रिपोर्ट बनाकर प्रदेश सरकार को भेजी गई है। पिछले साल प्रदेश में 2 लाख 2 हजार हेक्टेयर में पराली जली थी। पिछले चार साल में 2017 में सबसे अधिक पराली जलाने का रिकॉर्ड रहा। इस बार पिछले साल की अपेक्षा 431 जगह पर आग की कम रिपोर्ट रिकॉर्ड की गई।
पिछले साल के मुकाबले चार जिलों में पराली जलाने का एरिया काफी बढ़ाया गया है। इसमें सबसे अधिक एरिया कुरुक्षेत्र में बढ़ा। पिछले साल 34 हजार हेक्टेयर एरिया की बजाय इस बार यहां 42 हजार हेक्टेयर में पराली जलाई गई। दूसरे नंबर पर अंबाला जिले ने पराली जलाने का एरिया बढ़ाया। यहां पिछले साल 9.9 हेक्टेयर पराली जलाई थी। इस बार यहां 12.9 हेक्टेयर में पराली जलाई। यमुनानगर में तीन हजार हेक्टेयर की तुलना में इस बार 5.1 हजार हेक्टेयर में पराली जलाई गई। करनाल में भी पिछले साल की अपेेक्षा एक हजार हेक्टेयर ज्यादा पराली जली। पानीपत, जींद, सोनीपत एरिया में पराली जलाने का एरिया लगभग बराबर रहा। फतेहाबाद, कैथल ने तीन-तीन हजार हेक्टेयर कम पराली जलाई। सिरसा ने पराली जलाने में दो हजार हेक्टेयर रकबा घटाने में सफलता हासिल की।
पराली जलाने वाले टॉप टेन जिले (आंकड़ा हजार हेक्टेयर में)
जिला --- 2014---------2015-------2016----------2017
अंबाला ----10.8--------9.0 -----------9.9------------12.9
फतेहाबाद ---29.1-----23.8-----------41.0---------38.5
जींद ----------4.6---------3.7----------8.5---------8.5
कैथल-------26.6--------28.9---------39.8----------36.6
करनाल----34.4------44.0-----------45.8-----------46.1
कुरुक्षेत्र-----38.8--------40.6---------34.5----------42.4
पानीपत ----1.2----------0.5---------0.9------------1.0
सिरसा------18.1---------6.3--------18.5----------16.1
सोनीपत----1.8----------0.1---------0.5-----------0.5
यमुनानगर --4.5---------5.7--------3.0-----------5.1
कुल ---------168.9--------163------202.3--------207.7
(यह आंकड़े हरियाणा रिमोट सेंसिंग सेंटर से लिए गए हैं)
आग लगने के स्थान हुए कम
वर्ष 2016 में सेटेलाइट ने अक्तूबर और नवंबर में कुल 12769 आग लगने वाले स्थानों की तस्वीर भेजी थी। इस बार 12338 स्थानों पर आग रिकॉर्ड की गई। फतेहाबाद में सबसे अधिक 3800 स्थानों पर आग की घटनाएं दर्ज की गई।
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कहां कितनी जगह लगी आग
फतेहाबाद-3800
सिरसा-2347
करनाल-1372
कैथल-1332
जींद-905
अंबाला-462
पलवल-341
यमुनानगर-305
हिसार-204
पानीपत-101
सेटेलाइट रोजाना दो बार लेता था तस्वीरें
अमेरिका के सुयोमी एनपीपी सेटेलाइट ने यह इमेज उपलब्ध कराई हैं। नासा की वेबसाइट के जरिये हरियाणा रिमोट सेंसिंग सेंटर ने यह आंकडे़ तैयार किए हैं। सेटेलाइट रोजाना दो बार हरियाणा के ऊपर से गुजरते हुए इमेज लेता था। इसमें एक बार दिन और एक बार रात के समय इमेज ली जाती थी।
हमने सेटेलाइट से मिली तस्वीरों के आधार पर एक रिपोर्ट बनाकर सरकार को भेजी है। इस बार 2.07 लाख हेक्टेयर में पराली जलाई गई हैं। पिछले साल के मुकाबले यह एरिया अधिक है।
-डॉ. आरएस हुड्डा, चीफ साइंटिस्ट, हरसेक हिसार
3365 किसानों के चालान किए
इस साल 3365 किसानों के पराली जलाने पर चालान किए गए। इसमें फतेहाबाद में सबसे अधिक 1862 चालान कर किसानों को जुर्माना लगाया गया। सिरसा में 504, करनाल में 361, कुरुक्षेत्र में 184, जींद में 54, सोनीपत में 40, पानीपत में 41, हिसार में 121, कैथल में 138, यमुनानगर में 15 चालान किए गए।