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प्लेटफार्म नंबर-1 से प्लेटफार्म नंबर-2 पर जाने के लिए 12 मोड़, 8 मिनट का लग रहा समय, ट्रेनें रुकती हैं सिर्फ 2 मिनट

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रेलवे स्टेशन पर अधर में लटका फुट ओवरब्रिज का काम। संवाद - फोटो : Hisar
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हिसार। रेलवे स्टेशन पर बनने वाले फुट ओवरब्रिज (एफओबी) के डिजाइन पर यात्रियों ने आपत्ति जताई है। हालांकि अभी प्लेटफार्म नंबर-1 से प्लेटफार्म नंबर- 3 तक ही फुट ओवरब्रिज बन पाया है। प्लेटफार्म नंबर 1 से प्लेटफार्म नंबर 2 पर जाने के लिए यात्रियों को 8 मिनट का समय लग रहा है, जबकि हिसार पहुंचने वालीं ज्यादातर ट्रेनें यहां सिर्फ 2 मिनट ही रुकती हैं। यात्रियों का कहना है कि रेलवे की ओर से नए फुट ओवरब्रिज पर पैसा बर्बाद किया जा रहा है। इसका कोई फायदा नहीं होगा। कहीं बस अड्डे के एफओबी की तरह रेलवे स्टेशन का एफओबी बेकार साबित न हो जाए।
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बता दें, कि अभी प्लेटफार्म नंबर 1 से प्लेटफार्म नंबर-3 तक ही फुट ओवरब्रिज बन पाया है। प्लेटफार्म नंबर-1 से प्लेटफार्म नंबर-2 पर जाने के लिए 12 घुमाव दिए गए हैं। प्लेटफार्म नंबर-4 से लेकर प्लेटफार्म नंबर-5 तक अभी बीकानेर मुख्यालय से आदेश नहीं आने पर काम रूका हुआ है। इस पर 90 लाख रुपये की लागत आएगी। वहीं प्लेटफार्म नंबर-1 से प्लेटफार्म नंबर-3 तक फुट ओवरब्रिज बनने पर तीन करोड़ रुपये की लागत आई थी।
फुट ओवरब्रिज के निर्माण पर सरकारी रुपये को बर्बाद किया जा रहा है। प्लेटफार्म नंबर-1 से 2 पर जाने के लिए कम से कम 8 मिनट का समय लगता है। फुट ओवरब्रिज काफी ऊंचा भी है। - अनिल जेसाईवाल
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रेलवे स्टेशन पर बनने वाला फुट ओवरब्रिज का यात्रियों को कोई फायदा नहीं होगा। सामान लेकर फुट ओवरब्रिज पर चढ़ना काफी मुश्किल होगा। समय के अभाव में ट्रेन भी निकल जाएगी। - रमेश दाहिमा
रेलवे स्टेशन पर ट्रेन दो मिनट ही रुकती हैं, जबकि आठ मिनट तो प्लेटफार्म नंबर-1 से 2 पर जाने में लग जाएंगे। हमारी मांग है कि फुट ओवरब्रिज पर पैसा बर्बाद न किया जाए। - सुभाष शर्मा
दिव्यांग यात्रियों की सुविधाओं को ध्यान में रखकर एफओबी बनाया जा रहा है। ओवरब्रिज पर सीढ़ियां नहीं होने के कारण दिव्यांग यात्री व्हीलचेयर से आसानी से आ-जा सकेंगे। स्टेशन पर एक अन्य फुट ओवरब्रिज बना हुआ है। ऐसे में यात्री वह फुट ओवरब्रिज इस्तेमाल कर सकते हैं। - अमित, जेई, रेलवे
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