नगर निगम क्षेत्रों में अनियमित पेयजल कनेक्शनों को नियमित करने के लिए अगले सप्ताह से अभियान चलाया जाएगा। कनेक्शन नियमित न कराने वालों की आपूर्ति बंद कर दी जाएगी। हर एक कनेक्शन धारक को मीटर लगाना अनिवार्य होगा।
निगम आयुक्त पीसी मीणा ने शुक्रवार को इंजीनियरिंग विंग के अधिकारियों की बैठक ली। इसमें मुख्य अभियंता बीएस सिंगरोहा, अधीक्षण अभियंता वाईके गर्ग, कार्यकारी अभियंता प्रदीप कुमार, यूएस मलिक, लेखा अधिकारी बीएस सांगवान, सुरेश कुमार और क्षेत्रीय कराधान अधिकारी रामदास सहित अन्य अधिकारी शामिल हुए।
आयुक्त ने कहा कि पूरे शहर में पेयजल कनेक्शन को दो श्रेणियों में विभाजित करें, जिसमें पहले चरण में कमर्शियल कनेक्शनों को नियमित किया जाएगा। इसके बाद घरेलू उपभोक्ताओं के कनेक्शन नियमित करें। हर एक कनेक्शन को नियमित करने के लिए योजना बनाएं।
हर कनेक्शन पर 31 मार्च, 2014 से पहले मीटर लगाया जाए। जिन एरिया में लोग कनेक्शन नियमित नहीं कराएंगे, वहां निगम अधिकारी सख्ती से पेश आएंगे। ऐसे कनेक्शन काट दिए जाएंगे और आपूर्ति बंद कर दी जाएगी।
निगम आयुक्त ने कहा कि नए एरिया में भी पानी की लाइन पहुंचाने के लिए अधिकारी योजनाएं तैयार करें। पानी की गुणवत्ता सुधारने के लिए नियमित जांच तय की जाए। पेयजल की जांच के लिए स्थापित लैब को अपग्रेड कराया जाएगा। दूसरी लैब भी बनाने के लिए प्रस्ताव तैयार करें।
निगम क्षेत्र में 100 से अधिक कनेक्शन नियमित करने वाले अधिकारी, कर्मचारी और जनप्रतिनिधियों को सम्मानित किया जाएगा। पानी की आपूर्ति के समय में सुधार किया जाए। लोगों की समस्याओं को तत्परता के आधार पर हल किया जाए।
घर-घर जाएंगे कर्मचारी
अधिकारियों ने बताया कि कुछ समय पहले राजेंद्रा पार्क में पेयजल कनेक्शन के लिए शिविर लगाया गया था। इसमें लोगों ने कनेक्शन के लिए आवेदन नहीं किया। इस बार कर्मचारी घर-घर जाएंगे।
14 जलघरों का पुनरोद्धार
निगम अधिकारियों की ओर से सभी 14 जलघरों का नए सिरे से पुनरोद्धार किया जाएगा। इसके लिए योजना तैयार की जा रही है। इन जलघर की पुरानी मशीनरी को बदला जाएगा। इनकी क्षमता में विस्तार किया जाएगा। जरूरत के हिसाब से यहां जनरेटर भी लगाए जाएंगे।