रैपिड मेट्रो (आरएम) के चलते ही ही दिल्ली बॉर्डर से सेक्टर-56 का घुमावदार सफर आसान हो जाएगा। अभी दिल्ली बॉडर्र से सेक्टर-56 तक पहुंचने के लिए काफी चक्कर लगाने पड़ते हैं। यहां तक कि कई वाहन भी बदलने पड़ते हैं। बृहस्पतिवार से लोगों को इस समस्या से मुक्ति मिल जाएगी।
रैपिड मेट्रो के कॅमर्शियल ऑपरेशन की घोषणा के साथ लोगों को कई प्रकार की समस्याओं से छुटकारा मिल जाएगा। इसका सबसे अधिक फायदा कॉरपोरेट सेक्टर को होगा। रैपिड मेट्रो का यहां डीएमआरसी मेट्रो के शटल ट्रेन के रूप में परिचालन होगा। दिल्ली-एनसीआर से आने वाले हजारों लोगों को लाभ होगा जो साइबर सिटी की ओर जाते हैं। रोजाना तकरीबन 80 हजार लोग साइबर सिटी आते जाते हैं।
रैपिड मेट्रो डीएमआरसी मेट्रो से सिकंदरपुर में कनेक्ट हुई है। डीएमआरसी मेट्रो से उतरकर कोई भी यात्री चंद कदम का फासला तय कर मेट्रो स्टेशन तक पहुंच सकता है। रैपिड मेट्रो का अगर किसी को सबसे अधिक फायदा होने वाला है तो वह बीपीओ और आईटी सेक्टर को। रैपिड मेट्रो रूट पर इन कंपनियों की भरमार है। इन्हें रैपिड मेट्रो के संचालन का बेसब्री से इंतजार था। कॅमर्शियल ऑपरेशन शुरू होने पर कंपनियां अपनी डे कैब सेवा में कटौती करेंगी।