फतेहाबाद। जिले में वन क्षेत्र को बढ़ाने की दिशा में वन विभाग ने तैयारियां तेज कर दी हैं। मानसून सीजन में पौधरोपण अभियान चलाने के लिए विभाग की चार नर्सरियों में करीब 6 लाख पौधे तैयार किए जा चुके हैं। इस कार्य के लिए लगभग डेढ़ करोड़ रुपये के टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इस वर्ष जिले में हरियाली बढ़ाने के लिए साढ़े चार लाख पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
पिछले वर्ष 2025 में जहां 10 लाख पौधे लगाए गए थे वहीं इस बार क्लोन सफेदा प्रजाति के पौधों पर रोक के कारण लक्ष्य घटाकर 4.5 लाख रखा गया है। इनमें से लगभग 2 लाख पौधे सरकारी भूमि पर और 2.5 लाख पौधे विभिन्न स्थानों पर लगाए जाएंगे। पौधों में नीम, शीशम, पीपल, बरगद और जामुन जैसी छायादार, फलदार और औषधीय प्रजातियां शामिल हैं।
बड़ोपल, भूना, सारंगपुर और टोहाना स्थित नर्सरियों में पौधों की देखरेख की जा रही है। बड़ोपल नर्सरी में ही करीब 2 लाख पौधे तैयार किए जा रहे हैं। वन विभाग के कर्मचारी महेंद्र ने बताया कि इस बार कुल 6 लाख पौधे तैयार किए गए हैं, जिनमें से शेष पौधे आम नागरिकों को निजी भूमि पर लगाने के लिए उपलब्ध कराए जाएंगे।
नर्सरी से निशुल्क मिलेंगे पौधे
वन विभाग सड़कों के किनारे, सरकारी कार्यालयों, स्कूलों और पंचायती जमीनों पर पौधरोपण करेगा। इसके अलावा इच्छुक नागरिकों को अपनी निजी भूमि पर लगाने के लिए नर्सरी से निशुल्क पौधे उपलब्ध कराए जाएंगे। जिला वन अधिकारी राजेश लीलड़ ने बताया कि पिछले चार वर्षों से जिले में बड़े स्तर पर पौधरोपण किया जा रहा है। इस वर्ष बारिश के तुरंत बाद अभियान शुरू किया जाएगा। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे अपने खेतों और निजी भूमि पर अधिक से अधिक पौधे लगाकर वन क्षेत्र बढ़ाने में सहयोग करें।