फतेहाबाद/भट्टूकलां। नाबालिग छात्रा का अपहरण कर दुष्कर्म करने के मामले में अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश व फास्ट ट्रैक कोर्ट के जज बलवंत सिंह की कोर्ट ने दो आरोपियों को दोषी मानते हुए 20-20 साल की कैद की सजा सुनाई। दोषियों पर 12-12 हजार रुपये का जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न भरने की स्थिति में दोषियों को डेढ़ साल की अतिरिक्त सजा काटनी होगी।
भट्टूकलां क्षेत्र के एक गांव निवासी 10वीं कक्षा की छात्रा का भट्टू क्षेत्र के ही एक गांव निवासी आईटीआई के छात्र राजू उर्फ बजरंग ने शादी का झांसा देकर अपहरण कर लिया। मामले में छात्रा के पिता ने 11 नवंबर 2019 को भट्टूकलां थाने में शिकायत की। पुलिस ने मामले में आईपीसी की धारा 365 व पॉक्सो एक्ट की धारा 6 व 8 के तहत मामला दर्ज किया। 12 नवंबर 2019 को पीड़िता को बरामद कर लिया गया। बयानों में पीड़िता ने बताया कि वह स्कूल से फोटोस्टेट कराने जा रही थी।
तभी राजू ने उसे जबरन गाड़ी में खींच लिया और अज्ञात स्थान पर ले जाकर दुष्कर्म किया। वारदात में प्रेम ने राजू का साथ दिया। मामले की जांच के बाद पुलिस ने कोर्ट ने चार्जशीट प्रस्तुत की। मामले की सुनवाई करते हुए अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद दोनों आरोपियों को आईपीसी की धारा 365 व पोक्सो एक्ट की धारा 6 व 8 में दोषी करार दिया। अदालत ने मामले में दोषियों को 20-20 साल की कैद व 12-12 हजार रुपये की सजा सुनाई है।