महिला संरक्षण एवं बाल विवाह निषेध अधिकारी रजनी गुप्ता ने बताया कि सेक्टर-29 थाना क्षेत्र की एक कॉलोनी में दो लड़कों का बाल विवाह करने की सूचना मिली थी। सेक्टर-29 थाना पुलिस मौके पर पहुंची। बरात जाने की तैयारी की थी। परिजनों ने कहा कि वे बड़े लड़के की शादी कर रहे हैं। उनके दस्तावेज की जांच की तो उनकी आयु 21 साल से कम मिली। पुलिस ने उनकी शादी रोकने की बात कही। परिजनों ने पुलिस को कहा कि वे डीएसपी के जानकार हैं और वे शादी करेंगे। इसके साथ लड़की पक्ष ने एक अधिकारी का नाम लेकर शादी नहीं रोकने की बात कही। पुलिस को इसके बाद सख्ताई दिखानी पड़ी।
दोनों पक्षों को किया तलब
रजनी गुप्ता ने बताया कि दोनों पक्षों को बुधवार को कार्यालय में तलब किया। दोनों लड़कों के हाथों में मेहंदी लगी थी। दुल्हन के नाम भी लिखे थे। उन्होंने दस्तावेज की जांच की तो बड़े लड़के का जन्म पांच जनवरी 2006 और छोटे का 17 का अगस्त 2007 को हुआ था। एक वधू 18 वर्ष की हो चुकी है और छोटी 12वीं कक्षा में है। वह बुधवार को परीक्षा देकर कार्यालय पहुंची थी। लड़की पक्ष से नाबालिग की शादी करने पर जवाब दिया कि उनके परिवार से दो लड़की चली गई थी। उन्होंने इसी डर के चलते अपनी बेटी की भी शादी करने का फैसला लिया था।