भूना में बैजलपुर के ग्राम सचिवालय में मनरेगा कार्यों में अनियमितताओं की जांच पड़ताल करते एबीपीओ
भूना। बैजलपुर गांव में मनरेगा कार्यों में अनियमितताओं की शिकायत के बाद शुक्रवार को एबीपीओ संदीप कुमार के नेतृत्व में एक टीम ने ग्राम सचिवालय पहुंचकर जांच की। मौके पर मनरेगा से जुड़े 130 मजदूर अपने दस्तावेजों के साथ उपस्थित हुए और जांच अधिकारियों के समक्ष बयान दर्ज कराए।
लाभार्थियों ने आरोपों को राजनीति से प्रेरित और वर्तमान सरपंच को बदनाम करने की कोशिश बताया। श्रमिकों ने कहा कि गांव में चल रहे विकास कार्यों से कुछ लोग असहज हैं, इसलिए गलत आरोप लगाए जा रहे हैं। मनरेगा श्रमिकों ने कहा कि उन्होंने खुद जोहड़ की खोदाई की और जितने दिन कार्य किया, उतने ही दिनों की मजदूरी उनके खातों में जमा हुई है। उन्होंने किसी प्रकार की मशीन से खोदाई करने की बात से मना किया और एक करोड़ दस लाख रुपये की गड़बड़ी के आरोप को निराधार बताया।
वहीं शिकायतकर्ता ईश्वर सिंह, जो पहले मनरेगा कार्यों में गड़बड़ी की शिकायत लेकर सामने आए थे, उन्होंने ग्राम सचिवालय में लाभार्थियों की भीड़ के चलते अपनी जान को खतरा बताया और पुलिस को शिकायत दर्ज कराई। मगर जांच अधिकारियों के समक्ष कोई बयान नहीं दिया।
प्रत्येक श्रमिक से व्यक्तिगत रूप से पूछताछ की गई और उनके बयान दर्ज किए गए। सभी ने काम करने और भुगतान मिलने की पुष्टि की है। प्रस्तुत दस्तावेजों और रिकॉर्ड के अनुसार, जोहड़ की खोदाई श्रमिकों द्वारा मैनुअल की गई प्रतीत होती है, जेसीबी के इस्तेमाल के कोई साक्ष्य नहीं मिले हैं। सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर निष्पक्ष जांच की जाएगी।
- संदीप कुमार, एबीपीओ।