शहर की अरोड़वंश धर्मशाला में हरियाली तीज महोसत्व में नृत्य करती महिलाएं। संवाद
फतेहाबाद। अरोड़वंश धर्मशाला में रविवार को हरियाली तीज महोत्सव के उपलक्ष्य में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसका उद्देश्य पारंपरिक त्योहारों की संस्कृति और रीति-रिवाजों को जीवंत रखते हुए नई पीढ़ी को इनके महत्व से रूबरू करवाना रहा।
कार्यक्रम में महिलाओं ने उत्साह के साथ भाग लिया और झूला झूलकर हरियाली तीज की परंपरा को आगे बढ़ाने का संदेश दिया। कार्यक्रम में इनेलो नेत्री सुनैना चौटाला ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। वहीं अग्रोहा विकास ट्रस्ट की प्रधान नेहा मित्तल ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। आयोजकों की ओर से अतिथियों का स्वागत किया गया।
इस दौरान महिलाओं ने पारंपरिक परिधानों में पहुंचकर तीज की खुशियों को साझा किया। अग्रोहा विकास ट्रस्ट की प्रधान नेहा मित्तल ने कहा कि तीज जैसे त्योहार समाज में आपसी भाईचारे और मेल-जोल को बढ़ावा देते हैं। ट्रस्ट की ओर से भविष्य में भी सांस्कृतिक परंपराओं को बढ़ावा देने वाले कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
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झूला बना सेल्फी प्वाइंट
कार्यक्रम के दौरान परिसर में लगाए गए झूलों पर महिलाओं और युवतियों ने बारी-बारी से झूला झूलकर मोबाइल फोन से सेल्फी ली। इसके साथ ही हरियाणवीं लोकगीतों की धुन पर महिलाओं ने नृत्य किया। तीज के पारंपरिक गीतों और लोक संस्कृति से जुड़े कार्यक्रमों ने माहौल को उत्सवमय बना दिया। महिलाओं ने एक-दूसरे को तीज की शुभकामनाएं दीं और पारंपरिक त्योहारों को मिल-जुलकर मनाने का संकल्प लिया।
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तीज पारंपरिक महोत्सव : सुनैना
मुख्य अतिथि सुनैना चौटाला ने कहा कि हरियाली तीज हमारी समृद्ध लोक संस्कृति और परंपराओं से जुड़ा त्योहार है। ऐसे आयोजनों से महिलाओं को एक साथ आने और अपनी सांस्कृतिक विरासत को आगे बढ़ाने का अवसर मिलता है। उन्होंने कहा कि आधुनिकता के दौर में भी पारंपरिक त्योहारों की पहचान को बनाए रखना जरूरी है।