फतेहाबाद। फतेहाबाद की ऐतिहासिक चिल्ली वाली रामलीला में किरदार निभाने वाला हर कलाकार अपने आप में कोई न कोई खूबी लिए हुए है। रामलीला में पिछले 23 सालों से लक्ष्मण का किरदार अदा कर रहे संदीप सोनी को अपने किरदार का एक-एक डायलॉग मुंह जुबानी याद है। वह सुबह जहां मोबाइल की दुकान चलाते हैं, वहीं रात को रामलीला की रिहर्सल व रामलीला आरंभ होने के बाद रामलीला में पहुंच जाते हैं।
फतेहाबाद की चिल्ली वाली रामलीला में संदीप सोनी का लगाव बचपन से ही रहा है। पहले वह लक्ष्मण के बाल्यकाल का रोल अदा करते थे और बड़े लक्ष्मण का। भगवान राम द्वारा शिव का धनुष तोड़ने के बाद जनक दरबार में पहुंचे परशुराम व लक्ष्मण का संवाद रामलीला में काफी प्रसिद्ध है। संदीप सोनी अपने तल्ख तेवरों से परशुराम के साथ जो संवाद करते हैं, उसको देखने के लिए भीड़ उमड़ आती है। संदीप सोनी रामलीला की रिहर्सल हो या फिर रामलीला मंचन, उनकी अपने डायलॉग पर पूरी पकड़ रहती है। उन्होंने पर्दे के पीछे संवाद सुनाने वाले वालंटियर की भी आवश्यकता नहीं होती है। रामलीला के दौरान वह अपने गीतों को भी बखूबी याद रखते हैं।
दिन में मोबाइल की दुकान, रात को रामलीला में सेवा
संदीप सोनी की रविदास चौक पर मोबाइल की दुकान है। वह दिनभर दुकान पर काम करते हैं और रात को रामलीला में पहुंच जाते हैं। रामलीला मंचन के दौरान तो उनको रात के दो तक बज जाते हैं, लेकिन फिर भी सुबह अपनी दुकान चलाते हैं और रात को रामलीला में अदाकारी करते हैं। संदीप सोनी लक्ष्मण के अलावा पिछले 19 सालों से वेदवती का किरदार भी निभा रहे हैं।
मैं पिछले 23 वर्षों से रामलीला से जुड़ा हुआ हूं। रामलीला में किरदार निभाने का अलग ही अनुभव होता है। जब मैं लक्ष्मण का किरदार अदा करता हूं तो पूरी तरह से अपने किरदार में रम जाता हूं। हर साल रामलीला में किरदार अदा करने पर सुखद अनुभूति होती है।
-संदीप सोनी, रामलीला कलाकार।